लखनऊ। मोहनलालगंज के सिसेंडी गांव में मां-बेटे की हत्या के मामले में पुलिस कई बिंदुओं पर छानबीन कर रही है। आसपास के लोगों से पूछताछ में पता चला है कि रेशमा के दूसरे पति इकबाल पठान की मौत के बाद कई लोगों की नजर उनकी संपत्ति पर थी। रेशमा का एक परिचित अक्सर उनसे मिलने घर भी आया करता था।
एसीपी विकास कुमार पांडेय का कहना है कि रेशमा का मोबाइल फोन कमरे से बरामद हुआ है। वह किन लोगों से बात करती थीं, इसकी जानकारी के लिए कॉल डिटेल खंगाली जा रही है। कुछ करीबियों के बारे में पता चला है, जिनकी जानकारी जुटाई जा रही है। जल्द ही वारदात का राजफाश कर दिया जाएगा। पड़ोसियों का कहना है कि रेशमा की पहली ससुराल खदरा में थी। इकबाल से शादी करने के बाद वह सिसेंडी में रह रही थीं। शादाब पहले पति का बेटा है।
परिजनों का कहना है कि रेशमा के घर के सामने रहने वाले वाला मजदूर अक्सर उन्हें परेशान करता था और शादी का दबाव बनाता था। कई बार उससे विवाद भी हुआ था। पुलिस उसकी तलाश कर रही है।
किसी ने नहीं सुनी आवाज
पुलिस ने रेशमा के घर के आसपास रहने वाले लोगों से पूछताछ की। इस दौरान किसी ने भी शोर नहीं सुना। वारदात के पीछे किसी करीबी की भूमिका की आशंका है। सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। रेशमा का किन लोगों से विवाद था, यह भी पता किया जा रहा है।
पुलिस पर एक घंटा देरी से आने का आरोप
रेशमा की बहन अफसाना का आरोप है कि घटना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने पुलिस चाैकी पर सूचना दी थी। इसके बावजूद पुलिसकर्मी एक घंटे बाद घटनास्थल पर पहुंचे। पड़ोसियों ने बताया कि शाम के समय मिनी सचिवालय में फाॅगिंग चल रही थी इसलिए काफी शोर हो रहा था। आशंका है कि हत्यारे ने उसी समय वारदात को अंजाम दिया होगा।
रेशमा व शादाब की फाइल फोटो।
रेशमा व शादाब की फाइल फोटो।
रेशमा व शादाब की फाइल फोटो।
रेशमा व शादाब की फाइल फोटो।
रेशमा व शादाब की फाइल फोटो।