अंबेडकर नगर दीवानी न्यायालय के सीजेएम कोर्ट में तैनात अमीन की हत्या कर शव मझुई नदी में फेंक दिया गया। शनिवार की सुबह अमीन का शव अंबेडकर नगर जिले के मालीपुर थाने के नेमपुर घाट के किनारे पन्नी में लिपटा मिला, जबकि कार दोस्तपुर थाने के गोरई गांव के पास हाईवे किनारे मिली। कार में मिले मोबाइल व आधार कार्ड के सहारे दोस्तपुर थाने की पुलिस पीड़ित के घर पहुंच गई। हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए सुल्तानपुर और अंबेडकर नगर जिले की पुलिस संयुक्त रूप से लगी है।
अंबेडकर नगर जिले के अकबरपुर थाना क्षेत्र के मुरादाबाद गांव निवासी आशीष कुमार (46) अंबेडकर नगर जिले के दीवानी में सीजेएम कोर्ट पर अमीन के पद पर तैनात थे। शुक्रवार की शाम आशीष कुमार अपनी कार से घर के लिए निकले थे। जब वे घर नहीं पहुंचे तो परिवारीजनों ने उनकी तलाश शुरू की। शनिवार की सुबह सुल्तानपुर जिले के दोस्तपुर थाना क्षेत्र के गोरई गांव के समीप सिक्सलेन के किनारे आशीष की कार लावारिस हालत में पाई गई। स्थानीय लोगों की सूचना के बाद एसओ राघवेंद्र रावत पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंच गए।
पुलिस ने कार की जांच की तो उसके अंदर आशीष का मोबाइल सेट और आधार कार्ड मिला। मोबाइल सेट और आधार पर अंकित नाम के सहारे दोस्तपुर थाने की पुलिस ने आशीष के घर वालों से संपर्क किया तो पता चला कि शनिवार की सुबह ही अंबेडकर नगर जिले के मालीपुर थाना क्षेत्र के नेमपुर घाट के पास मझुई नदी में आशीष का शव भी पाया गया है। आशीष की हत्या के बाद शव पन्नी में लपेटकर नदी में फेंका गया था। एसओ दोस्तपुर ने मालीपुर थाने से संपर्क किया और वहां की पुलिस को मौके पर बुलाया। एसओ राघवेंद्र रावत ने बताया कि गोरई गांव के पास मिली आशीष की कार को मालीपुर थाने के हवाले कर दिया गया है। हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए मालीपुर और दोस्तपुर थाने की पुलिस लगी हुई है।