समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और सिंचाई मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने कहा कि अमर सिंह के लिए सपा के दरवाजे कभी बंद नहीं हुए। सपा में शामिल होने के बारे में वे खुद ही अपनी स्थिति स्पष्ट करेंगे।
सपा मुख्यालय में शनिवार को पत्रकारों से बातचीत में शिवपाल ने कहा कि अमर सिंह से उनके पारिवारिक रिश्ते हैं। नेताजी (मुलायम सिंह यादव) से भी उनके अच्छे संबंध हैं।
दिल्ली में शुक्रवार को नेताजी की अमर सिंह से दो-ढाई घंटे बातचीत हुई है। सपा में शामिल होना अमर सिंह की इच्छा पर निर्भर है। इस संबंध में वे खुद ही कोई घोषणा करेंगे।
शिवपाल ने कहा, केंद्रीय संसदीय बोर्ड ने राज्यसभा व विधान परिषद के उम्मीदवारों के चयन और किसी नेता को दल में शामिल करने के लिए नेताजी को अधिकृत कर रखा है।
इस संबंध में आखिरी फैसला उन्हीं को करना है। न तो अमर सिंह ने राज्यसभा चुनाव में टिकट मांगा था और न ही जयाप्रदा ने विधान परिषद सीट की दावेदारी की। ऐसे में टिकट कटने की बात अप्रासंगिक है।
मुलायम लेंगे अंतिम फैसला
शिवपाल ने कहा कि छह दलों ने मुलायम सिंह यादव को जनता परिवार का अध्यक्ष चुना है। शुक्रवार और शनिवार को दिल्ली में इन दलों के नेताओं की बैठक हुई है।
इसमें बिहार और यूपी को लेकर भी चर्चा हुई। नेताजी की नीतीश कुमार और लालू प्रसाद से लगातार बात हो रही है। पार्टी के नाम और सिंबल पर नेताजी सभी दलों के नेताओं से विचार करके जल्द फैसला लेंगे।
मोदी के एजेंडे में किसान, गरीब नहीं
शिवपाल ने कहा कि मोदी सरकार का एक साल का कार्यकाल निराशाजनक रहा है। देश के गांव और गरीब उनके एजेंडे में नहीं हैं।
मोदी ने चुनाव के दौरान किए गए एक भी वादे पर अमल नहीं किया। मोदी सरकार में सर्वाधिक उपेक्षा यूपी की हुई है जबकि उसमें सर्वाधिक सांसद और मंत्री यहीं से हैं।
नहीं की आपदा पीड़ित किसानों की मदद
शिवपाल ने कहा कि प्रदेश सरकार ने बेमौसम बारिश और ओलों से फसलों के नुकसान की भरपाई के लिए केंद्र से 2447 करोड़ रुपये की मांग की, लेकिन केंद्र ने एक भी पैसा नहीं दिया।
गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने 508 करोड़ रुपये जारी करने का दावा किया है। यह यूपी को मिलने वाला रूटीन का पैसा है। इसमें से भी केवल 253 करोड़ ही मिले हैं।