लखनऊ। अक्षय तृतीया पर सराफा बाजार को इस बार भी बंपर बिक्री की उम्मीद है। पिछली अक्षय तृतीया में सोना-चांदी खरीदने वालों को एक साल में शानदार रिटर्न मिला था। अक्षय तृतीया के करीब आते ही सोने और चांदी के भाव भी धीरे-धीरे बढ़ने लगे हैं।
इस बार अक्षय तृतीया 19 अप्रैल को है। इसे लेकर चौक, अमीनाबाद, हजरतगंज, आलमबाग और गोमतीनगर जैसे बाजारों में सराफा दुकानों पर रौनक छाने लगी है। महंगाई के चलते इस बार भी लाइट वेट ज्वैलरी की मांग है। इसके बावजूद, सहालग और अक्षय तृतीया के दोहरे संयोग से कारोबारी भारी गहनों की बिक्री की भी उम्मीद कर रहे हैं। कारोबारी बताते हैं कि एक साल के अंदर ही सोने और चांदी के दामों में काफी उतार-चढ़ाव आया है।
चांदी एक समय चार लाख रुपये के करीब पहुंच चुकी थी। ऐसे में सालभर लोगों ने भारी खरीदारी में कम रुचि दिखाई। लखनऊ महानगर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष मनीष वर्मा ने बताया कि करीब एक महीने से बाजार स्थिर है। इसलिए अक्षय तृतीया पर भारी गहने और बुलियन कारोबार की अच्छी उम्मीद है।
सोने-चांदी में डेढ़ से ढाई गुना रिटर्न
सोना-चांदी खरीदने वालों को कभी निराश नहीं होना पड़ा है। एक साल के अंदर ही सोने पर डेढ़ तो चांदी पर ढाई गुना तक ज्यादा रिटर्न मिला है। पिछले साल अक्षय तृतीया पर जो सोना 98 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम था, वह इस वक्त 1,57,700 रुपये में पहुंच चुका है। वहीं, जो चांदी 99 हजार रुपये में थी, वह अब 2,53,500 रुपये तक पहुंच चुकी है।
निवेश के लिए छोटे सिक्के पहली पसंद
लखनऊ सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष रविंद्रनाथ रस्तोगी बताते हैं कि हल्के वजन की चेन, टॉप्स, झुमकी और अंगूठी के साथ सोने के आधे से 10 ग्राम तक के सिक्के तैयार किए गए हैं। निवेश के लिए आधे से पांच ग्राम तक के सिक्के ग्राहकों की पहली पसंद हैं। पिछली बार 250 करोड़ रुपये का अनुमानित कारोबार था। इस बार यह कारोबार दोगुना होने की उम्मीद है।