यूपी के सीएम अखिलेश यादव के पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ आने से नए राजनीतिक संकेत मिल रहे हैं। लखनऊ पहुंचने पर अखिलेश ने खुद ही एयरपोर्ट पर जाकर उनका स्वागत किया।
दरअसल अखिलेश, ममता के साथ मिलकर नोटबंदी के कारण बने माहौल को भुना लेना चाहते हैं। देश की राजनीति में ममता की छवि एक जुझारू नेता की रही हैं। वामपंथियों के स्टाइल में उन्होंने लाल दुर्ग को ध्वस्त किया।
पैरों में चप्पल, सस्ती साड़ी व आम आदमी के लिए संघर्ष करके उन्होंने ये छवि गढ़ी है। वहीं, सीएम अखिलेश की छवि भी एक साफ सुथरे व विकासवादी नेता की है। उन्होंने अपराधिक छवि के लोगों से भी दूरी बनाकर अपनी टीम में युवाओं को शामिल किया है।
माना जा रहा है कि अखिलेश 1090 पर होने वाली ममता की रैली में शामिल होंगे। इसके लिए उनकी युवा टीम ने व्यवस्थाओं का जायजा भी लिया।
एयरपोर्ट पर स्वागत के बाद अखिलेश ने कहा कि वह एक वरिष्ठ नेता हैं और उनके साथ संसद में रह चुके है। स्वागत से उत्साहित ममता ने कहा कि अच्छा होगा अगर अखिलेश उनकी रैली में शामिल हों, जिस पर अखिलेश ने सकारात्मक जवाब दिया।