पूर्व मुख्यमंत्री व सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव
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यूपी के पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने अपनों को यशभारती अवॉर्ड दिए जाने के आरोप पर भाजपा को जवाब दिया है। अखिलेश ने कहा कि इस समय केंद्र में आपकी (भाजपा) सरकार है, राज्य में भी आपकी सरकार है आप भी अपनों को यशभारती दे दो। हमनें कौन सा रोक रखा है।
अखिलेश ने कहा कि हम यशभारती अवॉर्ड के साथ 11 लाख रुपये व हर महीने 50 हजार रुपये पेंशन देते थे आप एक लाख रुपये दे दो। गौरतलब है कि आरटीआई में खुलासा हुआ है कि यशभारती के लिए 20 से ज्यादा आवेदन सीधे सीएम ऑफिस में पहुंचे थे जबकि अवॉर्ड संस्कृति विभाग देता है।
इसके अलावा 2012 से 2017 तक अखिलेश सरकार पर मनमाने तरीके से यशभारती अवॉर्ड बांटने के आरोप लगे। अवॉर्ड के लिए कोई निश्चित योग्यता या मापदंड न होने के कारण कई बार इसकी आलोचना की गई।
यशभारती अवॉर्ड की स्थापना सपा संरक्षक मुलायम सिंह यादव ने 1994 में की थी। जिसे बाद की सरकारों ने बंद कर दिया था। 2012 में अखिलेश यादव ने फिर इसे शुरू करवाया था।