मार्च के महीने में दो बार हुई बारिश ने खेती खासकर गेहूं की फसल को चौपट कर दिया है। इस नुकसान का खुद मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने संज्ञान लिया है। उन्होंने किसानों को इस संकट से उबारने के लिए कुछ घोषणाएं की हैं।
अखिलेश यादव ने बेमौसम बारिश एवं ओलावृष्टि से फसलों को हुई भारी क्षति से उत्पन्न्ा स्थिति को गंभीरता से लिया है। उन्होंने कहा है कि संकट की इस घड़ी में प्रदेश सरकार किसानों को हर संभव मदद पहुंचाने के लिए गंभीर है।
उन्होंने मुख्य सचिव को किसानों को तत्काल सहायता राशि वितरित करने के निर्देश देते हुए कहा है कि क्षति का आकलन सहायता राशि वितरण के साथ ही संपन्न किया जाए, जिससे किसानों को शीघ्र सहायता राशि मिल सके।
शासन के प्रवक्ता ने बताया कि मुख्यमंत्री ने राज्य आकस्मिकता निधि से तत्काल 200 करोड़ रुपए अवमुक्त करने के निर्देश मुख्य सचिव को देते हुए कहा है कि मुख्यदेयों की वसूली तत्काल स्थगित की जाए और वसूली में किसी भी प्रकार की उत्पीड़नात्मक कार्यवाही पर रोक लगाई जाए।
उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार की ओर से नुकसान के सापेक्ष दी जाने वाली दैवीय आपदा राहत राशि से दो गुना अधिक राशि राज्य सरकार द्वारा अपने संसाधनों से किसानों को उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए।