उन्होंने कहा, विरोध की हर आवाज को कुचला जा रहा है। इलाहाबाद में छात्रों की गिरफ्तारी फर्जी मुकदमे लगाकर हो रही है। पीसीएस मेन्स 2017 पर भाजपा सरकार की मनमानी की पराकाष्ठा है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ की पूर्व अध्यक्ष ऋचा सिंह को फर्जी केस में फंसाकर जेल भेजना अलोकतांत्रिक है। किसान आत्महत्या कर रहे हैं। सरकार दिलासा दे रही है कि उनकी आमदनी 2022 तक दोगुनी कर देंगे। जनता 2019 में भाजपा का हिसाब-किताब बराबर करने को तैयार बैठी है।