समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर तीखा हमला किया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश के लिए सबसे बड़ा संकट भाजपा सरकार है। प्रदेश की समस्याओं का समाधान तभी होगा, जब भाजपा सत्ता से बाहर होगी।
रविवार को सपा प्रदेश मुख्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता में अखिलेश ने ये आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि सरकार ने छात्रों, नौजवानों और बेटियों के साथ अन्याय किया है। आंदोलनकारी छात्रों से किए गए वादे भी तोड़ दिए गए हैं। सरकार ने भरोसा दिया था कि छात्रों पर मुकदमे नहीं होंगे, पर अब उन्हें प्रताड़ित किया जा रहा है। अखिलेश ने पूछा कि जब सरकार वादे से मुकर जाए तो जनता किस पर भरोसा करे। उन्होंने कहा कि एक ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का दावा करने वाली सरकार पहले सरकारी स्कूलों में बिजली-पानी दे। भाजपा पर 2017 के बाद भूमाफियाओं को संरक्षण देने का आरोप भी लगाया। सरकारी तालाबों और जमीनों पर कब्जा कराने की बात भी कही।
फतेहपुर में पानी और पंखों की मांग को लेकर प्रदर्शन करने वाले बच्चों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि मांग मान लेने के बाद भी बच्चों और उनके परिवारों को परेशान किया जा रहा है। अखिलेश ने एलान किया कि समाजवादी पार्टी के विधायक पीड़ित परिवारों से मिलेंगे। विधायक उन्हें हरसंभव मदद देंगे। उन्होंने कहा कि सरकार में भ्रष्टाचार और लूट चरम पर है।
एक्सप्रेसवे और चढ़ावा चोरी को लेकर बोला हमला
अखिलेश ने कहा कि एक्सप्रेसवे निर्माण और सड़क परियोजनाओं में भ्रष्टाचार हुआ। लखनऊ-कानपुर सड़क उद्घाटन के बाद धंस गई, बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे भी टूट गया। अखिलेश ने अयोध्या में राम मंदिर के चढ़ावे में कथित गड़बड़ी का मुद्दा उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि पेपर लीक कराने वाले लोग भाजपा सरकार में बैठे हैं। कलाकारों के सम्मान पर अखिलेश ने कहा कि सपा सरकार बनने पर कला-संस्कृति में योगदान देने वालों को फिर सम्मानित किया जाएगा।