सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कहा कि सरकार से लेकर संगठन तक में शीर्ष पदों पर बैठे भाजपा नेताओं की भाषा बेहद अभद्र और असंसदीय है। मुख्यमंत्री और उनके मंत्रियों, सहयोगी दलों ने नौ साल के कार्यकाल में विकास का कोई कार्य नहीं किया। भेदभाव और नफरत फैलाने का काम किया। भाजपा सरकार में कानून-व्यवस्था ध्वस्त है। हर दिन जघन्य हत्याएं हो रही है। भ्रष्टाचार चरम पर है।
अखिलेश ने जारी बयान में कहा कि अस्पतालों में मरीजों को पर्याप्त दवा व इलाज नहीं मिल रहा है। दवाओं में बड़े पैमाने पर घपलेबाजी है। बिजली व्यवस्था चरमरायी हुई है। स्मार्ट मीटर लगाकर भाजपा सरकार ने जनता को लूटने का काम किया। शिक्षा व्यवस्था की दुर्दशा हो गई है। परीक्षाएं पारदर्शी नहीं रह गई हैं। पेपर लीक हो रहे है। सरकार समय पर पंचायत चुनाव तक नहीं करा पाई। भाजपा सरकार हर मोर्चे पर फेल हो चुकी है।
सपा अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री और मंत्रियों के पास जनता से जुड़े मुद्दों और भाजपा द्वारा किए गए वादो पर कोई जवाब नही है। भाजपा सरकार-2027 में हार के डर से भयभीत है। मुख्यमंत्री और उनके सहयोगी दल अलोकतांत्रिक व अमर्यादित व्यवहार और भाषा पर उतर आए हैं। संवैधानिक पदों पर बैठे भाजपा के लोगों में अपने पदों की मर्यादा का भी सम्मान नहीं है। वर्ष 2027 में जनता भाजपा को हराकर उसके अहंकार का अंत कर देगी।