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दीपावली के बाद घुला हवाओं में जहर, वायु प्रदूषण में राजधानी सातवें नंबर पर

Sun, 11 Nov 2018 04:33 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, लखनऊ
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दिवाली के बाद प्रदूषण - फोटो : अमर उजाला
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प्रदूषित हवा के मामले में लखनऊ शनिवार को देश में सातवें स्थान पर रहा। यहां एअर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) 388 के स्तर पर आंका गया। इसमें सेहत को गंभीर नुकसान पहुंचाने वाले पीएम2.5 प्रमुख प्रदूषण तत्व था। वहीं सर्वाधिक प्रदूषण फरीदाबाद में 440 के स्तर पर था। देश में 10 सबसे प्रदूषित शहरों में सात उत्तर प्रदेश के रहे। शनिवार को अस्पतालों की ओपीडी खुली तो मरीजों की भीड़ उमड़ पड़ी। सिविल, बलरामपुर, लोहिया में मरीजों की संख्या में तेजी से इजाफा हुआ है। डॉक्टरों का कहना है कि श्वांस संबंधी रोगी पहले की तुलना में डेढ़ गुना बढ़े पाए गए।  

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देश के प्रमुख 10 शहर जहां की हवा सबसे प्रदूषण
शहर - एक्यूआई - वर्गीकरण
फरीदाबाद - 440 - अति गंभीर
ग्रेटर नोयडा - 420 - अति गंभीर
गाजियाबाद - 403 - अति गंभीर
बुलंदशहर - 415 - अति गंभीर
दिल्ली - 401 - अति गंभीर 
भिवाड़ी - 390 - बहुत खराब
लखनऊ - 388 - बहुत खराब
आगरा - 386 - बहुत खराब
नोयडा - 386 - बहुत खराब
बागपत - 371 - बहुत खराब

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सवाल : क्या ऐसे रुकेगा प्रदूषण

हवा में बढ़ते जहर को रोकने के लिए आखिर क्या किया जाएगा? बहरहाल जो रूपरेखा तय की गई है उसके हिसाब से निर्माण कार्यों पर रोक लगाया जाएगा। पर, साथ ही यह भी जोड़ा गया है कि धूल फैलाने वाली निर्माण स्थलों को ही बंद कराया जाएगा। दोपहिया, चारपहिया वाहनों की फिटनेस जांच कराई जाएगी। इसके लिए 20 नवंबर से विशेष अभियान चलाया जाएगा। प्रदूषण फैला रहे वाहनों को सीज कर जुर्माना वसूला जाएगा। पर सवाल ये भी है कि सिटी बसों का क्या करेंगे? 70 फीसदी सिटी बसें खटारा हैं और जुगाड़ के सहारे चलाई जा रही हैं। कूड़ा जलाने पर सख्ती की बात की गई है पर आए दिन कूड़ा जलाया जा रहा है।
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