विश्व जल दिवस पर 22 मार्च को को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की नदी जोड़ो परियोजना की संकल्पना को जमीन पर उतारने के लिए एक बड़ा कदम उठाया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में आयोजित वर्चुअल कार्यक्रम में केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत, यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने करार पत्र पर हस्ताक्षर कर केन-बेतवा नदियों को जोड़ने की परियोजना को औपचारिक स्वीकृति दी।
पीएम ने कहा कि यह योजना बुंदेलखंड के सुनहरे भविष्य की भाग्यरेखा है। मुख्यमंत्री योगी ने इसे बुंदेलखंड के सर्वांगीण विकास का स्वर्णिम अध्याय बताया। कहा, इस समझौते से बुंदेलखंड क्षेत्र के बांदा, झांसी, महोबा, ललितपुर और हमीरपुर में कुल 2.51 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई व्यवस्था उपलब्ध होगी। वहीं झांसी, महोबा, ललितपुर व हमीरपुर में 21 लाख की जनसंख्या को 67 मिलियन घन मीटर पेयजल उपलब्ध कराया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि इस परियोजना के अंतर्गत मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में केन नदी पर दौधन बांध बनेगा। इससे 221 किलोमीटर लंबी लिंक चैनल निकाली जाएगी। यह झांसी के निकट बरुआ में बेतवा नदी को जल उपलब्ध कराएगी। केन-बेतवा लिंक नहर पर यूपी की जरूरत के अनुसार आउटलेट देते हुए वर्षाकाल में पानी उपलब्ध कराया जाएगा। महोबा, हमीरपुर और झांसी जिलों में पहले से बने बांधों में भी पानी दिया जाएगा। ये बांध पिछले कई साल से भरे नहीं जा सके हैं।