लखनऊ। पारा के सरोसा-भरोसा गांव में पश्चिमी विधानसभा क्षेत्र के पूर्व बसपा अध्यक्ष रामप्रकाश पर हमले के मामले में पुलिस ने एक आरोपी जितेंद्र रावत को रविवार रात गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर सोमवार सुबह घटनास्थल से करीब 300 मीटर दूर झाड़ियों से बसुली, डीवीआर और वाई-फाई राउटर बरामद किया गया।
इंस्पेक्टर सुरेश सिंह के मुताबिक, मामले में साक्ष्य मिटाने की धारा भी बढ़ाई गई है। पूछताछ में जितेंद्र ने बताया कि उसे शक था कि रामप्रकाश की उसकी पत्नी से बातचीत होती है। इसी बात से नाराज होकर उसने हमला किया। वारदात के बाद उसने सबूत मिटाने के लिए रामप्रकाश की हार्डवेयर दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों के तार काटकर डीवीआर और वाई-फाई राउटर निकाल लिए और दोनों को डिघिया रोड स्थित झाड़ियों में फेंक दिया था। पुलिस आरोपी के भाई संदीप और रंजीत की गिरफ्तारी के लिए दबिश दे रही है। साथ ही उनकी भूमिका की भी जांच कर रही है।