सुल्तानपुर। साढ़े तीन पूर्व हुई हत्या के मामले में शनिवार को फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश अभयकृष्ण तिवारी ने तीन सगे भाइयों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। कोर्ट ने अभियुक्तों पर एक लाख 62 हजार रुपये जुर्माना ठोंका है।
मामला लंभुआ कोतवाली क्षेत्र के खसड़े गांव से जुड़ा है। गांव निवासी धर्मेंद्र सिंह की नौ जून 2012 को रंजिश को लेकर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी।
पुलिस ने मृतक के भाई जगजीवन सिंह की तहरीर पर गांव के ही कौशलेंद्र सिंह के पुत्र पंकज सिंह, बृजेश सिंह व सतीश सिंह उर्फ सोनू और प्रतापगढ़ जिले के आसपुर देवसरा थाने के मानापुर गांव निवासी रितेश सिंह के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया था।
अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे एडीजीसी क्रिमिनल पवन दुबे व अधिवक्ता अरविंद सिंह राजा ने घटना को साबित करने के लिए 12 गवाहों को कोर्ट में पेश किया। बचाव पक्ष ने भी तीन साक्षियों की गवाही दर्ज कराई।
फास्ट ट्रैक कोर्ट के न्यायाधीश अभयकृष्ण तिवारी ने शनिवार को हत्याभियुक्तों पंकज सिंह, बृजेश सिंह व सतीश सिंह उर्फ सोनू को दोषी करार देते हुए उम्रकैद व जुर्माने की सजा सुनाई। कोर्ट ने प्रत्येक अभियुक्त पर 54 हजार रुपये जुर्माना ठोंका है।