फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लापरवाही पर 15 सचिवों का रोका वेतन

विज्ञापन
विज्ञापन
फैजाबाद। मनरेगा मजदूरों के भुगतान में लापरवाही पर 15 ग्राम पंचायत सचिवों का वेतन रोक दिया गया। इन सभी से इसका स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
विज्ञापन

मनरेगा परियोजनाओं पर काम करने वाले मजदूरों की मजदूरी का भुगतान 15 दिन के भीतर किए जाने की व्यवस्था की गई है, लेकिन पिछले पखवारे मुख्य विकास अधिकारी की समीक्षा में कई ऐसी ग्राम पंचायतें मिलीं, जिनकी ग्राम पंचायतों के मजदूरों का सौ फीसदी भुगतान लंबित दिखाई पड़ा। ग्राम पंचायतों की समीक्षा गई तो 15 ऐसी ग्राम पंचायतें मिलीं, जिनके भुगतान विलंबित थे। इसके बाद मुख्य विकास अधिकारी ने इन सभी के मई के वेतन आहरण पर अगले आदेशों तक रोक लगा दी। साथ ही मसौधा की ग्राम पंचायत दौलतपुर, कैल, मधुपुर, मैनुद्दीनपुर, सरैया, राजापुर माफी, बीकापुर ब्लॉक क्षेत्र के कोछा, महावां, मलेथू कनक, तोरोमाफी, पूराबाजार के अलावलपुर, हैंसा, कमाकोडरी, नरायनपुर, शांतीपुर मित्रसेनपुर गांव के ग्राम सचिवों से स्पष्टीकरण तलब किया है। खास बात यह भी है कि महीनों तक भुगतान में लापरवाही बरतने वाले इन ग्राम पंचायतों के सचिवों ने वेतन रोके जाने के बाद भुगतान में तेजी कर दी। उपायुक्त मनरेगा नागेंद्र मोहन राम त्रिपाठी ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि भुगतान में लापरवाही को लेकर 15 ग्राम सचिवों का मई का वेतन रोक दिया गया है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें