सीतापुर। सूरज की आग उगलती किरणों ने रविवार को लोगों को बेहाल कर दिया। जेठ की प्रचंड गर्मी ने लोगों को पसीना-पसीना कर दिया। भीषण गर्मी के चलते पारा 43 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। तापमान में मामूली गिरावट के बावजूद चटक धूप व लू के थपेड़ों ने दोपहर के समय लोगों का घरों में कैद रहने पर मजबूर कर दिया। लिहाजा, बदन झुलसाती गर्मी के चलते शहर के प्रमुख चौराहों व सड़कों पर दोपहर को सन्नाटा पसरा रहा। फिलहाल गर्मी से राहत नहीं मिलने के आसार मौसम विभाग जता रहा है। पिछले एक सप्ताह से होने वाली भीषण गर्मी ने इस सीजन में अब तक सबसे ज्यादा तापमान में उछाल का जहां रिकॉर्ड कायम कर दिया है। वहीं साल 2016 के मई की तुलना में अबकी 44 डिग्री तक पहुंच गए पारे ने पिछले साल का रिकॉर्ड भी तोड़ दिया है। साल 2016 में मई में पारा 42 डिग्री से ऊपर नही बढ़ सका था। हालांकि शनिवार के मुकाबले रविवार को तापमान में एक डिग्री की गिरावट जरूर दर्ज की गई, लेकिन चटक धूप और पसीना-पसीना कर देने वाली उमस भरी गर्मी से राहत नहीं मिल सकी। सुबह से ही धूप में तेजी रही। दस बजे के बाद घर से निकलना मुश्किल हो गया। दोपहर में बाजारों में लोगों की आवाजाही बेहद कम रही, जिससे दुकानदार हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे। मौसम विशेषज्ञों ने बताया कि रविवार को अधिकतम तापमान 43 डिग्री सेल्सियस, जबकि न्यूनतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। सोमवार को भी गर्मी का प्रकोप जारी रहेगा। भीषण गर्मी से राहत की संभावना फिलहाल नहीं है।