लोकसभा चुनाव के मद्देनजर मतदाता सूची में नाम दर्ज होने के साथ पोलिंग सेंटर व बूथ संख्या की जानकारी देने के लिए घरों में पहुंचाई जाने वाली पीली पर्ची का वितरण सुस्त चल रहा है। शनिवार को पर्ची बांटने की मियाद खत्म होने के बाद भी पचास फीसदी घरों तक पीली पर्ची नहीं पहुंची है।
पीली पर्ची न मिलने की शिकायत निर्वाचन हेल्प लाइन नंबर 1950 पर दर्ज करायी जा सकती है। ऐसे मामले में संबंधित बीएलओ के माध्यम से शिकायतकर्ता के घर तक तत्काल पीली पर्ची पहुंचायी जाएगी।
जिला प्रशासन ने सभी नौ विधानसभा क्षेत्रों में 23 फरवरी से घर-घर पीली पर्ची बांटने का अभियान शुरू किया था। अगर कोई पात्र सूची में नाम दर्ज कराने से छूटा मिलने पर उसका नाम जुड़वाने को फॉर्म-6 भरवाने की प्रक्रिया पूरी करनी थी। पहले पीली पर्ची बांटने का कार्य 28 फरवरी तक पूरा करना था।
बाद में इसे छह मार्च तक बढ़ा दिया गया लेकिन इसके बावजूद अभियान के तहत अभी तक राजाजीपुरम, कैसरबाग, महानगर, निराला नगर, अलीगंज, जानकीपुरम, विकास नगर, इंदिरा नगर, गोमती नगर, कैंट, आलमबाग, कृष्णानगर, हिन्द नगर, एलडीए कानपुर रोड, रूचि खंड, रवि खंड, रतन खंड, साउथ सिटी, खरिका वार्ड, तेलीबाग व वृंदावन कालोनी के घरों में बीएलओ पीली पर्ची वितरित करने को नहीं पहुंचे है।
जिलाधिकारी ने बीते दिनों पीली पर्ची के वितरण को अंतिम तौर पर नौ मार्च तक की मोहलत देते हुए इसके बाद पर्ची बांटने में डिफॉल्टर बीएलओ व सुपरवाइजर के खिलाफ वेतन रोकने संग निलंबन तक की कार्रवाई को चेताया था।