चीनी उद्योग एवं गन्ना विकास मंत्री सुरेश राणा ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि किसानों को बकाया गन्ना मूल्य का भुगतान प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए। गन्ना मूल्य भुगतान में और देरी बर्दाश्त नहीं की जाए। उन्होंने सभी चीनी मिलों का शीघ्र संचालन कराने और मिल चलने से पहले सभी गन्ना क्रय केंद्र प्रारंभ कराने के निर्देश दिए।
राणा ने बुधवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए वर्तमान पेराई सत्र 2020-21 में चीनी मिलों के संचालन, गन्ना मूल्य भुगतान एवं क्रय केंद्रों की स्थापना की गहन समीक्षा की। अपर मुख्य सचिव एवं गन्ना आयुक्त संजय आर भूसरेड्डी ने उन्हें बताया कि मौजूदा सत्र में कुल 119 चीनी मिलों में से 44 में गन्ना पेराई प्रारंभ हो गई है। 26 और चीनी मिलों ने पेराई के लिए गन्ने का इंडेंट जारी कर दिया है। इस प्रकार कुल 70 चीनी मिलों ने गन्ना खरीद प्रारंभ कर दी है। इंडेंट जारी करने वाली 26 चीनी मिलें एक-दो दिन में पेराई सत्र का शुभारंभ करेंगी।
गन्ना मंत्री ने कहा कि शेष चीनी मिलों का संचालन भी पूरी सुरक्षा के साथ शीघ्र प्रारंभ किया जाए। यह सुनिश्चित किया जाए कि सभी क्रय केंद्र मिल चलने से पूर्व ही शुरु हो जाएं ताकि किसानों को गन्ना आपूर्ति करने में असुविधा न हो। गन्ना मंत्री ने चीनी मिल्स संघ के प्रबंध निदेशक विमल दुबे को निर्देशित किया कि सहकारी चीनी मिलों में कार्मिकों का वेतन बकाया है, इसके शीघ्र भुगतान की व्यवस्था की जाए।