पावर कॉरपोरेशन की बोर्ड बैठक में राजधानी के बिजली सुधार कार्यों का बिजनेस प्लान 2025-26 का प्रस्ताव पास हो गया है। बोर्ड ने बिजली से जुड़े 21,851 सुधार कार्यों के लिए 415.11 करोड़ रुपये की मंजूरी दी है। इस रकम से शहर से लेकर गांव तक की बिजली व्यवस्था को अपग्रेड और सुदृढ़ किया जाएगा।
प्रस्ताव में शामिल सभी सुधार कार्य हर हाल में 31 मार्च 2026 तक पूरे किए जाएंगे। बोर्ड बैठक में स्वीकृत किए गए बजट से जिले में बड़ी संख्या में नए ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे, जिससे ओवरलोड चल रहे ट्रांसफार्मरों का लोड कम हो और उनके फुंकने से रोका जा सके। इसके अलावा इसी बजट से शहर में कई नए विद्युत उपकेंद्र बनाए जाएंगे। नए उपकेंद्र बनने से वर्तमान में ओवरलोड चल रहे उपकेंद्रों में ट्रिपिंग की समस्या से छुटकारा मिलेगा। लो वोल्टेज की समस्या पर भी कंट्रोल किया जा सकेगा।
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प्रस्ताव में शामिल 21,851 सुधार कार्यों की सूची में सबसे ज्यादा काम अमौसी जोन के हैं। यहां छोटे-बड़े मिलाकर कुल 10,152 सुधार कार्य मोहनलालगंज, नादरगंज, दुबग्गा, मलिहाबाद, कानपुर रोड, आलमबाग खंड के शहरी एवं ग्रामीण इलाकों में कराए जाएंगे। इन कार्यों पर 135.97 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
दूसरे नंबर पर 6,044 सुधार कार्य गोमतीनगर जोन के गोमतीनगर, चिनहट, इंदिरानगर, मुंशी पुलिया खंडीय इलाकों में होने हैं। यहां सभी कार्यों को मिलाकर 101.43 करोड़ रुपये खर्च का प्रस्ताव है।
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1500 नए ट्रांसफार्मर लगेंगे
बिजनेस प्लान 2025-26 के तहत शहर से गांव तक 1500 नए ट्रांसफार्मर लगाए जाएंगे। इससे उपभोक्ताओं को बिजली की बेहतर आपूर्ति मिलेगी। इनमें 1000 तो ओवरलोड ट्रांसफार्मर हैं, जिनकी ओवरलोडिंग को दूर करने के लिए उसके पास में ही लगाए जाएंगे। वहीं, शहर से गांव की 500 ऐसे नई जगहें भी होंगी, जहां पर नए ट्रांसफार्मर को स्थापित किया जाएगा। नए स्थान पर लगने वाले ट्रांसफार्मर की क्षमता 100 केवीए, 250 केवीए व 400 केवीए होगी।