रायबरेली। परिवहन निगम ने जिले के अछूते 26 मार्गों पर अनुबंधित बसें संचालित करने की स्वीकृति एक वर्ष पूर्व दी थी, लेकिन अभी तक बसों का संचालन शुरू नहीं हो सका है। हालांकि जल्द ही निजी बसें अनुबंधित कर संबंधित मार्गों पर संचालन शुरू करने की कवायद चल रही है। इन मार्गों पर बसों के संचालन से सात लाख से अधिक ग्रामीणों को फायदा होगा। ये बसें ग्रामीण मार्गों से होकर संचालित होंगी।
पिछले साल परिवहन मंत्री के आदेश पर अछूते मार्गों को चिन्हित कराया गया था। जिले में सर्वे में 26 ऐसे रूट मिले थे, जिन मार्गों पर रोडवेज की बसों का संचालन नहीं हो रहा है। एक वर्ष पूर्व रूटों को चिन्हित कर सूची निगम को भेजी गई। निगम के स्तर से रूटों पर बसों के संचालन को स्वीकृति मिल गई, लेकिन बसों की व्यवस्था न होने के कारण संचालन शुरू नहीं कराया गया।
कुछ रूटों पर रोडवेज की बसें संचालित हो रही हैं। निजी बसों के अनुबंधन के बाद इन मार्गों पर संचालन होगा। इन रूटों पर बसों के संचालन से गांवों से लखनऊ, कानपुर, अयोध्या, फतेहपुर के बीच यात्रियों की दूरी कम हो जाएगी, क्योंकि अब तक गांवों से लोगों को बड़े शहरों के लिए बस पकडने के लिए हाईवे पर आना पड़ता था।
इन रूटों पर दौड़ेंगी रोडवेज की अनुबंधित बसें
जिले के रायबरेली-सलोन-परशदेपुर-नसीराबाद-जायस-सुल्तानपुर-अयोध्या मार्ग, सलोन-बहेरवा-पटेरवा-ऊंचाहार-रायबरेली, सलोन-लक्ष्मीगंज-पटेरवा-जगतपुर-रायबरेली-लखनऊ मार्ग, धरई-सलोन-रायबरेली-बछरावां-लखनऊ मार्ग, निसगर-पूरेपांडेय-लालगंज-रायबरेली-सलोन-प्रतापगढ़ मार्ग, अतरहर-खीरों, गुरुबख्शगंज-रायबरेली-जायस-सुल्तानपुर मार्ग, सुल्तानपुरखेड़ा-ढकिया चौराहा-रायबरेली-लालगंज-कानपुर मार्ग, राजामऊ-बछरावां-रायबरेली-लालगंज-फतेहपुर मार्ग, दुर्गागंज, जतुआ-देदौर-रायबरेली-लालगंज-कानपुर मार्ग, दुधवन-पूरे पांडेय-लालगंज-रायबरेली-डलमऊ-फतेहपुर मार्ग समेत 26 रूटों पर जल्द ही बसों का संचालन शुरू कराया जाएगा।
सर्वे के बाद जिले के 26 ग्रामीण मार्गों पर बसों के संचालन के लिए सूची मुख्यालय को भेजी गई थी। निगम के स्तर से स्वीकृति मिल चुकी है। इन मार्गों पर अनुबंधित बसों का संचालन होगा। अनुबंधित बसें मिलने के बाद संचालन शुरू होगा।
दिनेशचंद्र श्रीवास्तव, सहायक क्षेत्रीय प्रबंधक