लखनऊ। शेयर ट्रेडिंग में निवेश पर मुनाफे का झांसा देकर शातिर ने बाराबंकी के सफेदाबाद में शालीमार विला निवासी कारोबारी विवेक वर्मा से 1.77 करोड़ रुपये ठग लिए। मुनाफा न मिलने पर पीड़ित ने पड़ताल की तो ठगी का पता चला। कारोबारी ने साइबर थाने में एफआईआर दर्ज कराई है।
इंस्पेक्टर बृजेश यादव ने बताया कि विवेक मौजूदा समय में परिवार के साथ इंदिरानगर सेक्टर-16 में रह रहे हैं। उनके मुताबिक कुछ दिन पहले व्हाट्सएप पर अनजान नंबर से मेसेज आया। संदेश भेजने वाली युवती ने अपना नाम श्रुति जायसवाल बताया। बातचीत के दौरान उसने विवेक से दोस्ती कर ली।
इसके बाद श्रुति ने उन्हें एक लिंक भेजा। इसे खोलकर आईडी पासवर्ड बनाने के लिए कहा। विवेक को ट्रेडिंग में निवेश पर अधिक मुनाफा कमाने का झांसा दिया गया। जाल में फंसे विवेक ने निवेश करना शुरू कर दिया। इसी बीच श्रुति ने कहा कि उसका मोबाइल गुम हो गया है। उसने नया नंबर लिया है, अब दूसरे नंबर से व्हाट्सएप मेसेज करेगी।
विवेक के अनुसार शुरुआत में उन्हें एक लाख रुपये का मुनाफा मिला। साइबर जालसाजों ने उनका विश्वास जीत कर और रकम निवेश करने के लिए कहा। झांसे में आकर उन्होंने कोटेक महेंद्रा, इंडसइंड बैंक, बैंक ऑफ इंडिया व अन्य बैंकों में 22 बार में 27 मई से 16 जुलाई के बीच 1.77 करोड़ रुपये निवेश कर दिए। उनकी आईडी पर मुनाफा दिखने लगा। हाालांकि, जब रुपये निकालने का प्रयास किया तो उन्हें ब्लॉक कर दिया गया। ठगी का अहसास होने पर पीड़ित ने सोमवार को साइबर क्राइम थाने में केस दर्ज कराया। जिन खातों में रुपये भेजे गए, उन्हें फ्रिज कराने के लिए पुलिस बैंकों से संपर्क कर रही है।