अंबेडकरनगर। लखनऊ में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर हुए लाठीचार्ज के विरोध में मंगलवार को जिले के विभिन्न ब्लॉकों में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने बेमियादी हड़ताल शुरू करते हुए कहा कि उनका हक लाठी-डंडे के बूते नहीं दबाया जा सकता। वे अपना हक लेकर रहेंगी।
टांडा प्रतिनिधि के अनुसार जिलाध्यक्ष अनुपमा गुप्ता व टांडा ब्लॉक अध्यक्ष सविता सागर ने सीडीपीओ कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन कर कहा कि अपने हक की मांग कर रहीं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं पर लाठी चलवाना अत्यंत अनुचित है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता लगातार सरकार के विभिन्न अभियानों में प्रमुखता से भागीदारी करती आ रही हैं। इसके बाद भी इनके साथ दमन का रवैया अपनाया जाना कतई उचित नहीं है। अनिश्चितकालीन हड़ताल की घोषणा करते हुए जिलाध्यक्ष ने कहा कि जब तक उनके हक को पूरा करने की घोषण नहीं हो जाती, तब तक वे सब पीछे हटने वाली नहीं हैं। तत्काल प्रभाव से मानदेय बढ़ाए जाने तथा राज्य कर्मचारी का दर्जा दिए जाने की मांग करते हुए कहा गया कि इससे कम कुछ स्वीकार नहीं होगा।
जहांगीरगंज प्रतिनिधि के अनुसार संघ की महामंत्री रीता वर्मा के नेतृत्व में ब्लॉक मुख्यालय पर धरना-प्रदर्शन किया गया। महामंत्री ने कहा कि दोषी पुलिस कर्मियों को तुरंत बर्खास्त किया जाए। भाजपा ने अपने चुनावी घोषणा पत्र में जो वादा किया था, उसको पूरी तरह से लागू करने में विफल रही है। इस मौके पर सुनीता मौर्या, उषा जायसवाल, कौशिल्या सिंह, किरन सिंह व गीता तिवारी आदि मौजूद रहीं। जलालपुर प्रतिनिधि के अनुसार प्रदर्शन में नेहा, प्रतिमा, रिया, नीलम, प्रीति व रेखा आदि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता मौजूद रहीं। अन्य ब्लॉकाें में भी इसी तरह का प्रदर्शन कर महिला कार्यकर्ताओं ने लाठीचार्ज का विरोध किया।