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स्कूलों से नदारद नौ शिक्षक निलंबित

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39 अध्यापक, 101 शिक्षामित्र और दो अनुदेशक का रोका वेतन
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बहराइच। जिले की शिक्षा व्यवस्था ढर्रे पर नहीं आ पा रही है। स्कूलों की स्थिति जांचने के लिए बीएसए ने खंड शिक्षा अधिकारियों व संकुल प्रभारियों के माध्यम से 11 विकासखंडों के 997 स्कूलों का मुआयना करवाया तो हालात काफी बिगड़े नजर आए। 48 शिक्षक और 107 शिक्षामित्र व अनुदेशक स्कूलों से नदारद मिले।

इन सभी के खिलाफ कार्रवाई की गई। इनमें नौ शिक्षकों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करते हुए 39 शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है। वहीं 101 शिक्षामित्र व दो अनुदेशकों का मानदेय रोकते हुए अन्य से स्पष्टीकरण तलब किया गया है। कई स्थानों पर मिड-डे मील भी बनता हुआ नहीं मिला।
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जिले के प्राथमिक और जूनियर विद्यालयों की स्थिति सुधर नहीं पा रही है। बेसिक शिक्षा राज्यमंत्री का जिला होने के बावजूद हालात काफी नाजुक हैं। इसको देखते हुए बीएसए डॉ. अमरकांत सिंह ने जिले के सभी विकासखंडों के खंड शिक्षा अधिकारियों और संकुल प्रभारियों से औचक निरीक्षण के आदेश दिए थे।

उसी के तहत टीमें स्कूलों को रवाना हुईं। औचक निरीक्षण में विकासखंड तेजवापुर के 139 विद्यालय चेक किए गए। यहां दो शिक्षक और पांच शिक्षामित्र अनुपस्थित पाए गए। महसी के 53 स्कूलों में छापेमारी हुई। यहां दो शिक्षक और छह शिक्षामित्र स्कूल से नदारद मिले।

मिहींपुरवा के 146 स्कूल चेक किए गए। इनमें दो शिक्षक, छह शिक्षामित्र अनुपस्थित मिले। जबकि नौ शिक्षक आकस्मिक अवकाश व एक शिक्षक चिकित्सीय अवकाश पर मिला। शिवपुर के 69 विद्यालयों का निरीक्षण हुआ। इनमें तीन शिक्षक, 20 शिक्षामित्र और दो अनुदेशक स्कूल ड्यूटी से गायब मिले।

छह विद्यालयों में मध्याह्न भोजन के चूल्हे बुझे हुए मिले। रिसिया के 152 स्कूलों का मुआयना हुआ। जिनमें छह शिक्षक, छह शिक्षामित्र अनुपस्थित पाए गए। विशेश्वरगंज के 90 स्कूलों के निरीक्षण में पांच शिक्षक व 13 शिक्षामित्र ड्यूटी से नदारद मिले। दो स्कूलों में मध्याह्न भोजन नहीं बन रहा था।

नवाबगंज के 80 विद्यालय चेक हुए। इनमें आठ शिक्षक, 10 शिक्षामित्र स्कूल से नदारद मिले। हुजूरपुर के 107 विद्यालयों का निरीक्षण हुआ। जिनमें एक शिक्षक व एक शिक्षामित्र ड्यूटी से नदारद मिले। दो स्कूलों में मध्याह्न भोजन बनता हुआ नहीं मिला। बलहा के 105 स्कूलों का निरीक्षण हुआ।

इनमें 13 शिक्षक व 22 शिक्षामित्र अनुपस्थित रहे। जबकि जरवल के 57 विद्यालयों के निरीक्षण में तीन शिक्षक व 10 शिक्षामित्र ड्यूटी से नदारद मिले। कैसरगंज के 99 स्कूलों में छापेमारी हुई। इनमें तीन शिक्षक व दो शिक्षामित्र बिना अवकाश के स्कूल में गैरहाजिर पाए गए।

एक स्कूल में मध्याह्न भोजन नहीं बनता मिला। बीएसए ने बताया कि लापरवाही का मामला सामने आया है। ऐसे में नौ शिक्षकों के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई करते हुए शेष 39 शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है। 101 शिक्षामित्र व दो अनुदेशकों का मानदेय बाधित किया गया है। मध्याह्न भोजन न बनने व अन्य लापरवाही का मामला सामने आने के कारण चेतावनी दी गई है।

मध्याह्न भोजन न बनने पर 11 प्रधानाध्यापकों को नोटिस
बीएसए ने बताया कि सभी 11 विकासखंडों में ऐसे 11 विद्यालय मिले हैं, जहां पर अरसे से मध्याह्न भोजन नहीं बन रहा है। इन स्कूलों को चिन्हित कर संबंधित प्रधानाध्यापकों को नोटिस जारी किया गया है। स्पष्ट कारण न बताने पर अन्य विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
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खंड शिक्षा अधिकारी भी होंगे जवाबदेह : बीएसए
बीएसए ने बताया कि बड़े पैमाने पर स्कूलों में खामियां सामने आ रही हैं। ऐसे में खंड शिक्षा अधिकारियों को भी बख्शा नहीं जाएगा। संबंधित क्षेत्र के खंड शिक्षा अधिकारियों को इस लापरवाही के लिए जवाबदेह होना होगा।
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