बहराइच। जिला अस्पताल का मानक निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज के अनुरूप नहीं है। इसकी पुष्टि हाल ही में आई केंद्रीय टीम के अधिकारियों के दौरे में हुई।
टीम ने अस्पताल में 60 बेड और बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। ऑपरेशन थियेटर (ओटी) और औषधि वितरण और पंजीकरण कक्ष का दायरा बढ़ाने को भी कहा है।
ऑपरेशन थियेटर समेत तीनों कक्षों का नया निर्माण कराया जाएगा। नए सिरे से जिला अस्पताल को संवारने में लगभग 20 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
अस्पताल प्रशासन ने प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज दिया है। अगस्त के दूसरे पखवारे में कार्य शुरू होने की उम्मीद है। जिले में मेडिकल कॉलेज का निर्माण कार्य चल रहा है।
लेकिन निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज में मरीज भर्ती नहीं किए जाएंगे। मेडिकल कॉलेज के साथ ही जिला अस्पताल को भी संबद्ध किया गया है। पढ़ाई मेडिकल कॉलेज में होगी।
वहां के चिकित्सक और प्रशिक्षु चिकित्सक जिला अस्पताल की ओपीडी में बैठ मरीजों का परीक्षण करेंगे। अस्पताल में ही मेडिकल कॉलेज चिकित्सकों व प्रशिक्षुओं के पास आने वाले मरीज भर्ती किए जाएंगे।
जिला अस्पताल 201 बेड का है। शासन के निर्देश पर मेडिकल कॉलेज से संबद्धता के मद्देनजर अस्पताल में 100 बेड पूर्व में बढ़ाए गए हैं।
इस 100 बेड का चार मंजिला अस्पताल भवन बनकर तैयार हो चुका है। लेकिन सप्ताह भर पूर्व केंद्रीय टीम के अधिकारियों ने दौरा कर 60 और बेड की जरूरत बतायी है।
जिला अस्पताल में निर्मित ऑपरेशन थियेटर, औषणि वितरण कक्ष और रोगी पंजीकरण कक्ष का दायरा मेडिकल कॉलेज के मानकों के अनुरूप न होने की बात कही है।
टीम के अधिकारियों के निर्देश पर अस्पताल प्रशासन ने 60 बेड के अतिरिक्त अस्पताल निर्माण के लिए जमीन का चिन्हींकरण कर लिया है।
ऑपरेशन थियेटर, औषधि वितरण कक्ष और रोगी पंजीकरण के लिए भी जमीन तलाश ली गई है। नए सिरे से इसका निर्माण कराया जाएगा। इस पर लगभग 20 करोड़ खर्च होंगे।
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्साधीक्षक डॉ. ओपी पांडेय ने बताया कि केंद्रीय टीम के निर्देश के तहत प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेज दिया गया है।
फाइल अंतिम चरण में है। जुलाई के अंत तक अनुमति मिल जाएगी। कोशिश है कि अगस्त के दूसरे पखवारे में कार्य शुरू करवा दिया जाए।
महिला अस्पताल के पास होगा निर्माण
मुख्य चिकित्साधीक्षक ओपी पांडेय ने बताया कि 60 बेड के अस्पताल भवन का निर्माण होगा। इसके साथ ही ऑपरेशन थियेटर, औषधि, औद्योगिक पंजीकरण कक्ष का निर्माण महिला अस्पताल के निकट पड़ी जमीन पर कराया जाएगा।
उन्होंने बताया कि अस्पताल भवन परिसर स्थित पुराना ऑपरेशन थियेटर भी कार्य करेगा। नए ऑपरेशन थियेटर के निर्माण से मेडिकल कॉलेज के चिकित्सकों को सहूलियत होगी। मरीजों को ऑपरेशन के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।