बहराइच। प्रदेश में विकास के मामले में पिछले पायदान पर स्थित बहराइच अब व्यावसायिक हब बनने की ओर बढ़ रहा है। लखनऊ में आयोजित यूपी इन्वेस्टर्स समिट में बहराइच के उद्यमियों ने भी बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया।
बहराइच की पारले चीनी मिल समेत सात व्यावसायिक संस्थानों के संचालकों की ओर से लखनऊ के समिट में 127 करोड़ का एमओयू साइन किया गया है।
उद्यमियों के इस कदम से बहराइच के विकास को तो पंख लगेंगे ही, जिले के लगभग 700 बेरोजगारों को रोजगार मिल सकेगा।
लखनऊ में दो दिन तक चले यूपी इन्वेस्टर्स समिट में शामिल होने के लिए जिले के 25 उद्यमियों ने रुचि दिखाई थी। इन सभी ने ऑनलाइन पंजीकरण कराया था।
लेकिन इनमें से सात उद्यमी सामने आए हैं, जो बहराइच में नए उद्योगों की स्थापना कर विकास को गति देंगे। इनमें पारले चीनी मिल परसेंडी के अलावा एसके इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड, उद्यमी अनिल टेकड़ीवाल, विनोद टेकड़ीवाल के अलावा भगवान मित्तल और नितिन माहेश्वरी ने ओएमयू पर लखनऊ में साइन किया है। ये सभी 127 करोड़ इन्वेस्ट कर बहराइच में व्यापार को गति देंगे।
10 करोड़ से बनेगा रेशम धागा कारखाना
यूपी समिट में शामिल उद्यमी अनिल टेकड़ीवाल ने बताया कि उन्होंने एमओयू फार्म भरकर रेशम धागा कारखाना बहराइच में स्थापित करने के लिए कदम बढ़ाया है।
10 करोड़ रुपये इन्वेस्ट करेंगे। इससे रेशम के तरह-तरह के धागों के निर्माण के साथ ही बेरोजगारों को रोजगार मिल सकेगा। उन्होंने कहा कि जिले में रेशम का बड़े पैमाने पर उत्पादन होता है। लेकिन इंडस्ट्री न होने से रेशम किसानों को लागत का समुचित मूल्य नहीं मिल पाता।
जिले में लगेगा डिस्टलरी प्लांट
पारले चीनी मिल के महाप्रबंधक अनिल सखूजा ने कहा कि चीनी मिल क्षेत्र गन्ना पेराई के लिए जानी जाती है। इसके अलावा अन्य फूड प्रोडक्ट बनाए जाते हैं।
अब डिस्टलरी प्लांट स्थापित करने के लिए मिल प्रशासन की ओर से कदम बढ़ाया गया है। लखनऊ में आयोजित समिट में 70 करोड़ रुपये की लागत से डिस्टलरी प्लांट लगाने की ओर कदम बढ़ाया है। इससे न सिर्फ रोजगार के अवसर बढ़ेंगे, बल्कि राजस्व भी बढ़ेगा।
पशु आहार व फूड प्रोसेसिंग यूनिट बनेगी
बहराइच के उद्यमी विनोद टेकड़ीवाल ने बताया कि पशु आहार और फूड प्रोसेसिंग यूनिट जिले में नहीं है। इसके बनने से अपार संभावनाएं विकसित होंगी।
इस उद्योग के लिए 25 करोड़ का इन्वेस्ट करेंगे। बेहतर माहौल है। 200 से अधिक लोगों को रोजगार मिल सकेगा। व्यवसायी घराने से तालुक रखने वाले एमबीए डिग्रीधारी नितिन माहेश्वरी ने भी लखनऊ में आयोजित यूपी समिट में हिस्सा लेकर जिले में फूड प्रोसेसिंग यूनिट स्थापना के लिए कदम बढ़ाया है। उन्होंने बताया कि दो करोड़ रुपये इन्वेस्ट करेंगे।
मशीन उपकरण बनाने को लगेगा प्लांट
एसके इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के उद्यमी व एमडी अशोक मातनहेलिया का दाल मिल का व्यापार है। आस्ट्रेलिया, कनाडा, श्रीलंका, बांगलादेश और म्यांमार के साथ नेपाल में व्यापार फैला हुआ है। उद्यमी अशोक ने बताया कि मशीनरी रिसर्च की जिले में कोई व्यवस्था नहीं है।
रिसर्च यूनिट के साथ ही मशीनरी उपकरणों को बनाने का प्लांट स्थापित करेंगे। इस पर 15 करोड़ रुपये निवेश करने की योजना के तहत एमओयू पर साइन किया है।
उद्यमी हमीमुद्दीन ने बताया कि जिला कृषि प्रधान है। लेकिन कृषि यंत्र निर्माण की कोई बेहतर यूनिट नहीं है। ऐसे में कृषि यंत्र निर्माण कारखाना स्थापित करने के लिए तीन करोड़ का निवेश करेंगे। कम से कम 30 से 40 लोगों को रोजगार मिल सकेगा।
तीन करोड़ से स्थापित होगा वेयर हाउस
जिले में गोदाम की समस्या किसानों व व्यापारियों को सालती है। ऐसे में वेयर हाउस निर्माण के लिए कदम बढ़ाया है। तीन करोड़ खर्च कर एक लाख क्विंटल क्षमता का वेयर हाउस का निर्माण भिनगा रोड पर कराएंगे। इसके लिए एमओयू साइन कर दिया है।
दूसरे जनपदों की संस्थाओं ने भी बढ़ाए कदम
जिला उपायुक्त उद्योग मोहन कुमार शर्मा ने बताया कि लखनऊ की अवध एनर्जी लिमिटेड के एमडी अवधराज ने सोलर एनर्जी प्लांट बहराइच में स्थापित करने के लिए 30 करोड़ का एमओयू लखनऊ में साइन किया है।
तमिलनाडु की राशि न्यूट्री फूड लिमिटेड ने भी एमओयू साइन किया है। यह कंपनी पंजीरी बनाएगी। बुलंदशहर की लक्ष्मी देवी मिल्क लिमिटेड की ओर से दुग्ध आधारित प्रोसेसिंग यूनिट स्थापाना के लिए डेढ़ करोड़ का निवेश करने के लिए एमओयू साइन किया गया है।
जिस तरह से यूपी समिट में अति पिछड़े बहराइच जिले में उद्योगों पर निवेश करने के लिए निवेशक सामने आए हैं, यह काफी सुखद स्थिति है। जिले के विकास को पंख लग सकेंगे।
मोहन कुमार शर्मा, जिला उपायुक्त उद्योग