इकौना (श्रावस्ती)। हाईटेंशन तार की चपेट में आने से गृह स्वामी व राजगीर जलने लगे। कुछ ही पल में दोनों की मौत हो गई। महिला भी करंट लगने से झुलस गई। उसे गंभीर अवस्था में सीएचसी इकौना में भर्ती कराया गया है। हादसा छत ढालने के लिए पटरा बिछाते समय हुआ।
इकौना थाना क्षेत्र के गाम इकौना देहात के मजरा नत्थापुरवा निवासी सकटू (50) पुत्र कंधई ने नए मकान का निर्माण करवा रहा है। इससे सटकर हाइटेंशन लाइन गुजरी है। इसी के बगल छत की सीढ़ी पर छत डालने के लिए सटरिंग कराई जा रही थी।
सकटू पत्नी, सुगना (47) व राजगीर राधेश्याम (32) थाना क्षेत्र के लालपुर खदरा के मजरा बलुहा निवासी के साथ छत पर मौजूद था। पटरा बिछाते समय अचानक सकटू व राधेश्याम हाइटेंशन लाइन की चपेट में आकर जलने लगे। इसके पहले कि सुगना कुछ समझ पाती, उसे भी बिजली का झटका लगा। वह सीढ़ी की छत से मकान की छत पर आ गिरी।
आसपास के लोगों ने इसकी सूचना विद्युत उपकेंद्र इकौना सहित पुलिस को दी। जब तक विद्युत आपूर्ति बाधित होती सकटू व राधेश्याम की मौत हो चुकी थी। मौके पर पहुंची इकौना पुलिस ने सुगना को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र इकौना में भर्ती कराया। पुलिस ने दोनों लाश को पोस्टमार्टम के लिए भिनगा भेज दिया है।
उप जिलाधिकारी इकौना सुभाष चंद्र प्रजापति ने भी मौके पर पहुंच कर घटना का जायजा लिया। पीड़ित परिवार को हर संभव मदद दिलाने का आश्वासन दिया।
पाई-पाई जोड़कर बनवा रहा था घर
नत्थापुरवा निवासी सकटू फूस के मकान में रहता था। कुछ माह पूर्व ही भवन का निर्माण शुरू कराया था। उसका सपना था कि वह बेटे अनिल (20), किशोर (12), पत्नी सुगना व तीन पुत्रियों के साथ नए घर में रहेगा। पाई-पाई जोड़कर नए मकान का निर्माण शुरू कराया था।
लेकिन होनी को कुछ और मंजूर था। सकटू के नए घर का सपना, सपना ही रहेगा। नए घर की चाहत में उसकी जान चली जाएगी। यह सोचकर परिवारीजनों का रो-रोकर हाल बेहाल है।
लाइनमैन के मना करने के बाद भी भवन स्वामी हाईटेंशन लाइन के नीचे मकान बनवा रहा था। पावर कॉर्पोरेशन की कोई जिम्मेदारी नहीं है। फिर भी जो संभव होगा क्षतिपूर्ति दिलाई जाएगी।
-रमा शंकर मौर्य, अधिशासी अभियंता