फैजाबाद। पीड़ित महिलाओं की मदद के लिए दर्शननगर स्थित सौ शैय्या के संयुक्त मंडलीय चिकित्सालय में रानी लक्ष्मीबाई आशा ज्योति केंद्र खोला जा रहा है जहां उन्हें एक छत के नीचे सुरक्षा, स्वास्थ्य सहित तमाम सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी। इस तरह महिला कल्याण विभाग की यह महत्वपूर्ण योजना महिलाओं के आंसू पोंछने का काम करेगी।
प्रदेश सरकार निर्भया केंद्र की तर्ज पर रानीलक्ष्मी बाई आशा ज्योति केंद्र खोलने जा रही है। इन केंद्रों पर पुलिस व कानूनी मदद से लेकर चिकित्सा सुविधा तक मिलेगी। योजना के अनुसार यदि कोई महिला किसी प्रकार के उत्पीड़न की शिकार होती है तो वह टोल फ्री नंबर 181 डायल करेगी। जिस पर रेस्क्यू टीम सीधे घटनास्थल पर पहुंचकर महिला को केंद्र तक लाएगी। अपराध से पीड़ित महिलाएं सीधे भी यहां पहुंच सकती हैं। यहां उनका उपचार किया जाएगा। पुलिसिया कार्रवाई के लिए यहीं रिपोर्टिंग पुलिस चौकी भी बनाई जा रही है। मुकदमा दर्ज कराने के लिए पीड़ित महिला को थाने का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। इसके लिए जिले में एक वाहन भी प्राप्त हुआ है, जो महिला को घटनास्थल से केंद्र तक पहुंचाएगा। विधिक कार्रवाई के लिए कर्मचारी मौजूद रहेगा।
आशा ज्योति केंद्र (वन स्टाफ सेंटर) के निर्माण के लिए दर्शननगर संयुक्त मंडलीय चिकित्सालय के निकट ही भूमि चिह्नित की गई है, जिसके निर्माण के लिए प्रथम चरण में लगभग तीस लाख रुपए भी आवंटित हुए हैं। भवन बनने तक वैकल्पिक रूप से सौ शैय्या के संयुक्त मंडलीय चिकित्सालय के भवन में केंद्र का शुभारंभ दस जुलाई को होने जा रहा है। केंद्र प्रबंधक संतोष कुमार ने बताया कि केंद्र संचालन के लिए कंप्यूटर सेट, फर्नीचर, चार बेड आदि इंफ्रास्ट्रक्चर व्यवस्थित हो गया है।
उत्पीड़ित महिलाओं को एक ही छत के नीचे समस्त सुविधाएं मुहैया कराने के लिए रानी लक्ष्मीबाई आशा ज्योति केंद्र व वन स्टॉप सेंटर की स्थापना दर्शननगर संयुक्त चिकित्सालय परिसर में की गई है। दस जुलाई को सांसद लल्लू सिंह, जिलाधिकारी डॉ अनिल कुमार, एसएसपी डॉ मनोज कुमार की मौजूदगी में इसका शुभारंभ होगा।
-विकास सिंह, जिला प्रोबेशन अधिकारी फैजाबाद