बौंडी/खैरीघाट। चार गांवों में शुक्रवार को आग की लपटों ने जमकर कहर बरपाया। 30 मकान धू-धू कर जल गए। 20 लाख से अधिक के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
गृहस्थी का एक सामान भी नहीं बचा। ग्रामीणों ने किसी तरह आग पर काबू पाया। सूचना पाकर राजस्वकर्मी मौके पर पहुंचे हैं।
बौंडी थाना अंतर्गत अमवा तेतापुर गांव निवासी नन्हू के घर में शुक्रवार दोपहर में 1:45 बजे के आसपास परिवार के लोग खाना खाकर आराम कर रहे थे। इसी समय मकान का छप्पर धधक उठा।
परिवारीजनों ने आग बुझाने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हुए। देखते ही देखते आग की लपटों ने रामतेज, ननकऊ, जगतराम, बच्छन समेत नौ मकानों को आगोश में ले लिया। परिवारीजनों ने भागकर जान बचाई।
एक घंटे बाद अग्निशमन दल ने पहुंचकर ग्रामीणों की मदद से आग पर काबू पाया। यहां अग्निकांड की सूचना पाकर बौंडी थाने की पुलिस के साथ ही लेखपाल चंद्रप्रकाश पांडेय पहुंचे। नायब तहसीलदार सुमित सिंह ने बताया कि फौरी तौर पर सहायता प्रदान की गई है।
उधर बहोरिकपुर गांव में आग लगने से इतवारी समेत दो मकान धू-धू कर जल गए। यहां पारिवारिक कार्य के लिए एकत्रित 10 हजार रुपया नकदी समेत गृहस्थी का सारा सामान जल गया।
लेखपाल पुंडरीक पांडेय ने रिपोर्ट तहसील को भेज दी है। खैैरीघाट थाना अंतर्गत पिपरिया बासूहार गांव निवासी टोर्री, कद्दू, रंगीलाल, बदलू समेत पांच मकान धू-धू कर जल गए। आग लगने का कारण पता नहीं चल सका है।
यहां भी गृहस्थी का सामान ग्रामीण नहीं निकाल सके। सबकुछ राख के ढेर में तब्दील हो गया। कैसरगंज के गोड़हिया पंडितपुरवा में हुए अग्निकांड में सुमिरन, अभिमन्यु, कप्तान, तीरथ, बेचन समेत 14 लोगों के फूस के मकान जल गए।
यहां भी परिवारीजन सामान नहीं निकाल पाए। अनाज, कपड़ा, बर्तन सबकुछ आग की भेंट चढ़ गया। क्षेत्रीय लेखपाल ने मुआयना कर रिपोर्ट तहसील को भेजी है।