घाटों पर की गई आतिशबाजी
देव दीपावली के अवसर पर वाराणसी के घाटों पर आतिशबाजी की गई। इस दौरान गंगा में क्रूट और नाव पर बैठे पर्यटक भव्य देव दीपावली के उत्सव का लुत्फ उठाते रहे।
रंग-बिरंगी लाइटों से जगमग हई काशी
देव दीपावली के अवसर पर वाराणसी के घाटों को रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है। काशी के 84 गंगा घाटों पर दीप जलाए गए हैं। इस दौरान देव दीपावली का भव्य आयोजन देखने के लिए देश भर से लोग काशी पहुंचे हैं।
काशी के घाटों पर बेकाबू हुई भीड़
देव दीपावली पर काशी के घाटों पर पर्यटकों की भारी भीड़ जुट गई है। ऐसे में सभी प्रमुख घाटों पर भीड़ बेकाबू होते देख पुलिस के साथ ही अन्य फोर्स मौके पर पहुंचकर भीड़ नियंत्रित करने में जुटी है।
चेत सिंह किले के सामने पहुंचा उपराष्ट्रपति और सीएम का काफिला
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का काफिला चेत सिंह किले के सामने पहुंचा है। वहीं अस्सी से चेत सिंह किले की ओर जाने वाले लोगों की भीड़ अधिक होने से काशी वरुणा जोन के डीसीपी और एटीएस के जवान पहुंच गए हैं। लोगों को रोककर भीड़ किले की ओर जाने से रोक रहे हैं।
भव्य सजा है गंगा द्वार
विश्वनाथ धाम का गंगा द्वार आकर्षण का केंद्र बना है। भारी संख्य में पर्यटक यहां सेल्फी लेने पहुंचे हैं। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
शुरू हुई भव्य आतिशबाजी
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने दीप जलाकर देव दीपावली की शुरुआत की। उनके दीप जलाने के साथ शुरू भव्य आतिशबाजी हुई।
अस्सी घाट के किनारे भव्य आकर्षण को निहारने पहुंची भीड़
देव दीपावली को लेकर वाराणसी के अस्सी घाट के किनारे भारी भीड़ जमा हुई है। भक्त यहां पहुंचकर आराधना कर रहे हैं और भव्य आकर्षण को महसूस कर रहे हैं। बताते चलें कि घाट किनारे का आकर्षण खास है हर ओर अलग छटा बिखरी हुई है। इसे निहारने के लिए भीड़ भी जमा हुई है।
पर्यटकों को महाआरती का पल- पल इंतजार
काशी की देव दीपावली देखने के लिए दुनिया भर से लोग काशी पहुंचे हैं। यहां अस्सी घाट पर लाखों की संख्या में पहुंचे पर्यटकों को मां गंगी की महाआरती का पल- पल इंतजार है।
बाबा मसान नाथ का विशेष शृंगार
हरिशचंद्र घाट पर दीपोत्सव के बीच बाबा मसान नाथ का विशेष शृंगार किया गया।
अस्सी घाट पर एक लाख पर्यटकों का लगा जमघट
देव दीपावली के अवसर पर अस्सी घाट पर एक लाख से अधिक लोग पहुंचे हैं। मां गंगा की महाआरती देखने के लिए पर्यटक आतुर हैं। लोग हर- हर महादेव के जयकारे लगा रहे हैं।
देश के कोने- कोने से काशी की देव दीपावली देखने पहुंचे पर्यटक
देवताओं के धरा पर उतरने का पर्व देव दीपावली का साक्षी बनने के लिए देश के कोने-कोने से पर्यटकों का समूह काशी पहुंचा है। पिछली बार की तुलना में इस साल 25 फीसदी अधिक सैलानियों की भीड़ उमड़ी है। घाटों पर भारी भीड़ देखने को मिल रही है।
उपमुख्यमंत्री ने जलाया दीप
देव दीपावली के अवसर पर काशी में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने दीप प्रज्ज्वलन किया।
घाटों पर उमड़े श्रद्धालु
काशी की देव दीपावली पर देश- दुनिया की नजर टिकी है। इधर, काशी के 84 घाटों पर पर्यटकों का जमावड़ा लगा है। इस बीच गंगा द्वार पर भीड़ बढ़ने पर लोग बैरिकेडिंग फांदकर जाते देखे गए।
भारत सनातन की भूमि, काशी इसका प्रतीक
उपराष्ट्रपति ने कहा कि भारत सनातन की भूमि है। काशी इसका प्रतीक है। उन्होंने कहा कि परंपरा और संस्कृति को संजोए रखने वाली काशी निरंतर विकास कर रही है। सनातन हमें एक रहने और मजबूत रहने का संदेश देता है।
धरती जहां की पारस है, नाम उसका बनारस है: उपराष्ट्रपति
उपराष्ट्रपति ने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में देश तो मुख्यमंत्री योगी के प्रयास से प्रदेश बदल रहा है। अपना भारत बदल रहा है और बड़ी तेजी से बदल रहा है। भारत की उपलब्धियों को दुनिया सराह रही है। कहा कि धरती जहां की पारस है, नाम उसका बनारस है।
उपराष्ट्रपति ने नमो घाट को बताया दुनिया का सबसे बड़ा घाट
उपराष्ट्रपति ने कहा कि आज वह पल हमारे जीवन में आया है, जिसकी कल्पना मैंने कभी नहीं की थी। ये बहुत बड़ा दायित्व था। उपराष्ट्रपति ने कहा कि मैंने सीएम योगी से बोला ये दुनिया का सबसे बड़ा घाट है। उन्होंने कहा भारत के अलावा घाट है कहां?। इस पर उन्होंने नमो पार्वती पतये, हर - हर महादेव का जयकारा लगाया।
पर्यटकों ने की काशी की देव दीपावली की तारीफ
पुणे महाराष्ट्र के सहकारिता मंत्रालय दिल्ली में डिप्टी डायरेक्टर नीलेश पाटिल अपनी माता पद्मिनी पाठक, पिता सुरेश पाटिल, पत्नी प्रियंका पाटिल, बेटी ऐश्वर्य, बेटा इंद्रनील के साथ काशी में दव दीपावली देखने के लिए पहुंचे। उन्होंने शूलटंकेश्वर महादेव मंदिर माधोपुर में पहुंचकर देव दीपावली का नजारा देखा। बताया कि काशी में इस पर्व को मनाने का शानदार अनुभव रहा।
घाटों पर देव दीपावली देखने को उमड़े लोग
देव दीपावली के अवसर पर गायघाट पर आकर्षक सजावट रही। यहां लोगों की भीड़ जुट गई। दीपों की श्रृंखला बनाकर लोग उसमें घी और तेल डाल रहे थे। घाट पर भगवान शिव की प्रतिमा के साथ देवी-देवताओं की अन्य मूर्तियां लोगों को लुभा रही थीं।
उपराष्ट्रपति ने किया नमो घाट का लोकार्पण
देव दीपावली के अवसर पर उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने नमो घाट को जनता को समर्पित किया। अब सुबह-ए-बनारस का लुत्फ पर्यटक विश्व स्तरीय सुविधाओं वाले खुबसूरत नमो घाट से भी ले सकेंगे। यहां उदयागामी भगवान भास्कर का अभिवादन करता नमो घाट का 75 फीट ऊंचा नमस्ते स्कल्पचर पर्यटकों को लुभा रहा है।
एटीएस की टीम पल- पल कर रही निगरानी
देव दीपावली पर काशी के घाटों से लेकर शहर तक सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम हैं। इसी क्रम में रीवा कोठी की छत पर मौजूद एटीएस की टीम पल- पल की गतिविधियों पर दूरबीन से नजर रख रही है।
विश्वनाथ धाम में आकर्षक रंगोली ने मोहा जनमन
काशी की देव दीपावली देखने के लिए घाटों से लेकर कुंड, तालाब और मंदिरों में लोगों का जमघट लगा है। विश्वनाथ धाम में बनाई गई रंगोली और यहां का सजावट लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र बना है। लोग दीये जलाने के साथ ही आकर्षक नजारे को निहारने के लिए घाटों पर पहुंच रहे हैं। पुलिस प्रशासन के लोग भी सादी वर्दी में चहलकदमी कर रहे थे। दूसरी तरफ, गंगा किनारे घूम रहे लोगों को मना किया जा रहा था।
काशी की विश्व प्रसिद्ध देव दीपावली को देखने के लिए विदेशों से भी सैलानी पहुंचे थे। एक बातचीत में तुर्की से आईं विदेशी मेहमान ने कहा कि देव दीपावली देखना उनके लिए बेहद खास है। वह यहां हर बार आना चाहती हैं।
नमो घाट पर कलाकारों ने दी शानदार प्रस्तुति
नमो घाट पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया है। उद्घाटन अवसर पर शुक्रवार की शाम प्रिंस ग्रुप की ओर से नमोः नमो डांस की प्रस्तुति दी गई। वहीं यूएसए और ऑस्ट्रेलिया के कलाकारों ने श्री नटराज कास्मिक शिवा नृत्य किया।
राज्यपाल ने किया उपराष्ट्रपति की पत्नी का स्वागत
राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने उपराष्ट्रपति की पत्नी सुदेश धनखड़ को पंचमुखी गणेश की प्रतिमा देकर स्वागत किया।
सीएम ने किया उपराष्ट्रपति का स्वागत
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ को नमो का प्रतीक मॉडल देकर उनका स्वागत किया।
उपराष्ट्रपति और सीएम पहुंचे नमो घाट पर
नमो घाट के उद्घाटन समारोह में उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और सीएम योगी आदित्यनाथ पहुंच गए हैं। उन्होंने हाथ जोड़कर सभी पर्यटकों का अभिवादन किया। इस दौरान हर- हर महादेव व मां गंगा की जयकारे से पूरा परिसर गूंज उठा।
सोशल मीडिया पर भी छाई काशी की देव दीपावली
काशी की देव दीपावली सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लगातार ट्रेंड करती रही। हैशटैग #DevDeepawali2024 के जरिये यूजर्स ने अपने अनुभव साझा किए। इससे यह उत्सव वैश्विक ध्यान आकर्षित करने में सफल रहा। मोदी-योगी सरकार में काशी की देव दीपावली अब लोकल से ग्लोबल बन गई है। वाराणसी के 84 घाटों पर 21 लाख से ज्यादा दीप जलाए गए और भव्य आतिशबाजी ने रात को रोशन कर दिया, जिसे लोगों ने सोशल मीडिया पर जमकर साझा किया।
फूलों से सजा श्री काशी विश्वनाथ धाम
देव दीपावली पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर में विशेष पूजा अर्चना की गई। धाम परिसर को फूलों से सजाया गया। बाबा के आंगन में दीपों की रोशनी ने इस स्थान को और भी दिव्य बना दिया।
जनसहभागिता से जले छह लाख दीप
इस बार 12 लाख दीप योगी सरकार ने जलवाए हैं। तीन लाख दीपक गाय के गोबर से बनाए गए, जो अलग-अलग घाटों पर जलाए गए। छह लाख दीप जन सहभागिता से जले। इससे दीये की संख्या 21 लाख पहुंच गई। गंगा उस पार भी दीपों की अविरल शृंखला ने आकाशगंगा जैसी छटा बिखेरी। गंगा-गोमती तट, मार्कंडेय महादेव और वरुणा नदी के तटों पर भी लाखों दीप जलाए गए।
आकर्षण का केंद्र बना 3-डी शो और ग्रीन आतिशबाजी
पर्यटकों के लिए इस बार काशी के चेतसिंह घाट पर 3-डी प्रोजेक्शन मैपिंग शो का आयोजन किया गया। इसमें काशी के धार्मिक इतिहास और गंगा अवतरण की कथा प्रस्तुत की गई। श्री काशी विश्वनाथ धाम के सामने गंगा पार रेत पर ग्रीन क्रैकर्स शो ने लोगों का दिल जीत लिया। घाटों और मंदिरों को आकर्षक सजावट और तिरंगे स्पाइरल झालरों से सजाया गया था।
धर्म के साथ राष्ट्रवाद का संदेश भी दिया
दशाश्वमेध घाट पर आयोजित महाआरती में धर्म के साथ-साथ राष्ट्रवाद का संदेश भी दिया गया। अमर जवान ज्योति की अनुकृति पर वीर जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इस वर्ष महाआरती कारगिल युद्ध के शहीदों को समर्पित रही और भगीरथ शौर्य सम्मान के तहत वीर योद्धाओं को सम्मानित किया गया। 21 अर्चकों और 42 देव कन्याओं ने रिद्धि-सिद्धि के रूप में दशाश्वमेध घाट पर महाआरती की।
51 हजार दीये से बनाया बंटेंगे तो कटेंगे
काशी में इस बार की देव दीपावली अद्भुत नजारों से भरी रही। विशेष आकर्षण का केंद्र पांडेय घाट बना है। यहां मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नारे बंटेंगे तो कटेंगे 51 हजार दीपों से उकेरा गया। घाटों पर उमड़े श्रद्धालुओं ने इस अद्भुत दृश्य को मोबाइल फोन के कैमरे में कैद करते दिखे।
उपराष्ट्रपति, राज्यपाल और सीएम ने क्रूज पर सवार होकर देखी आरती
उपराष्ट्रपति, राज्यपाल, मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री सहित अन्य खास मेहमानों ने क्रूज पर सवार होकर देव दीपावली का मनोरम दृश्य देखा। लोगों का अभिवादन करते हुए मेहमान दशाश्वमेध घाट पहुंचे और मां गंगा की भव्य महाआरती देखी। सभी घाटों पर शंखनाद, घंट-घड़ियालों की ध्वनि में भव्य महाआरती काशी की धरती पर देवताओं का स्वागत करती दिखी।
उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़, राज्यपाल आनंदी बेन पटेल और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नमो घाट पर पांच-पांच दीप जलाकर देव दीपावली का शुभारंभ किया, फिर गंगा के दूसरे घाटों पर दीये जलाए गए। उत्तरवाहिनी गंगा के अर्धचंद्राकार घाटों पर दीपों की अविरल शृंखला ने देश और दुनिया भर के लोगों को आकर्षित किया। शुक्रवार की शाम सूर्य जैसे ही अस्ताचल हुए, वैसे ही देवों के देव बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी दीपों की रोशनी से नहा उठी। गंगा के तट पर शृंखलाबद्ध दीपों ने अद्वितीय अलौकिक दृश्य प्रस्तुत किया।