श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की छटा देखने देश-विदेश से पहुंचे श्रद्धालु
मथुरा रेलवे स्टेशन के बाहर सोते श्रद्धालु
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा-वृंदावन में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की छटा देखने के लिए लिए देश-विदेश से बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हैं। एक दिन पहले से ही श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं। रात हो जाने पर ज्यादातर भक्त मथुरा रेलवे स्टेशन के बाहर ही सोते दिखे। स्टेशन, बस स्टॉप सहित मंदिरों के सामने रात से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ एकत्र है।
झिलमिल रोशनी से जगमगाता प्रियाकांत जू मंदिर
झिलमिल रोशनी से जगमगाता प्रियाकांत जू मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
वृंदावन में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का उत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। यहां के मंदिरों को विशेष रूप से सजाया गया है। वृंदावन स्थित प्रियाकांत जू मंदिर भी झिलमिल रोशनी से जगमगा रहा है। श्रद्धालु लल्ला का स्वागत करने के लिए आतुर दिख रहे हैं।
रंग बिरंगी रोशनी से जगमगाता ठा. श्री बांके बिहारी जी मंदिर
रंग बिरंगी रोशनी से जगमगाता श्री बांके बिहारी जी मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी उत्सव के मौके पर वृंदावन स्थित ठा. श्री बांके बिहारी जी मंदिर को दुल्हन की तरह सजाया गया है। मंदिर दूधिया व रंग बिरंगी रोशनी से जगमगा रहा है। अपने आराध्य के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे हैं।
Janmashtami 2023: लल्ला के स्वागत में सजी कान्हा की नगरी
Janmashtami 2023: लल्ला के स्वागत में सजी कान्हा की नगरी, झिलमिल रोशनी से जगमगाती जन्मस्थली
- फोटो : अमर उजाला
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर मुख्य आयोजन मथुरा स्थित श्रीकृष्ण जन्मस्थली मंदिर पर होंगे। यहां एक दिन पहले से श्रद्धालु पहुंचने लगे। गुरुवार को सुबह से ही भक्त मंदिर के गेट पर पहुंच गए। वह अपने आराध्य देव के दर्शन को आतिर दिखे। भगवान के जन्मोत्सव को लेकर श्रद्धालुओं में श्रद्धा भाव दिखा।
झिलमिल झालर की रोशनी से जगमगाता प्रेम-मंदिर
झिलमिल झालर की रोशनी से जगमगाता प्रेम-मंदिर
- फोटो : अमर उजाला
कान्हा के जन्मोत्सव का जश्न मनाने के लिए बृजवासी ही नहीं अपितु पूरा देश उत्साहित है। इस मौके पर वृंदावन की छटा देखने लायक है। वृंदावन में प्रेम-मंदिर पर भी जन्मोत्सव की तैयारियां पूरी हो गई हैं। मंदिर झिलमिल झालर की रोशनी से जगमगा रहा है।
मथुरा में इन मार्गों पर नहीं चलेंगे वाहन
मथुरा पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
- गोवर्धन चौराहा, मंडी चौराहा से भूतेश्वर तक भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे। रोडवेज बसों का औद्योगिक क्षेत्र/जयगुरुदेव एनएच-19 होकर मालगोदाम तक आवागमन होगा।
- भूतेश्वर तिराहा से श्रीकृष्ण जन्मभूमि की ओर सभी प्रकार के वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- मसानी चौराहा से श्रीकृष्ण जन्मभूमि की ओर किसी भी प्रकार के वाहन नहीं चलेंगे।
- मसानी चौराहा से चौक बाजार/लाल दरवाजा की ओर सभी प्रकार के वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- गोकरन तिराहा से चौक बाजार एवं चौक बाजार से द्वारिकाधीश मन्दिर की ओर सभी प्रकार के वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- बस स्टैंड से भूतेश्वर की ओर जाने वाली रोडवेज व नगर निगम की बसें भूतेश्वर की ओर प्रतिबंधित रहेंगी। ये सभी बसें मालगोदाम वाले रास्ते से होकर जाएंगी।
- स्टेट बैंक चौराहा से भारी वाहन भूतेश्वर नहीं जाएंगे। यह वाहन धौली प्याऊ होकर जा सकेंगे।
- कृष्णापुरी से सभी प्रकार के कमर्शियल/भारी वाहन होली गेट की तरफ प्रतिबंधित रहेंगे।
- जीआईसी कॉलेज बेरियर से चार पहिया, ऑटो टेम्पो, ई- रिक्शा होली गेट की ओर प्रतिबंधित रहेंगे।
- लक्ष्मी नगर चौराहा से एनसीसी तिराहा जाने वाले भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- डीग गेट चौराहा से सभी प्रकार के वाहन श्रीकृष्ण जन्मभूमि की तरफ प्रतिबंधित रहेंगे।
- गोकुल रेस्टोरेंट से मसानी चौराहा जाने वाले सभी भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे। आवश्यकतानुसार चार पहिया वाहन भी प्रतिबंधित रहेंगे।
- भरतपुर गेट से डींग गेट तक कार, ऑटो, ई-रिक्शा प्रतिबंधित रहेंगे।
- चौक बाजार से मिलन तिराहा की ओर सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- मछली फाटक टैंक चौराहा से आवश्यकतानुसार कार, ऑटो, ई-रिक्शा प्रतिबंधित रहेंगे।
- महाविद्या कॉलोनी बैरियर से रूपम तिराहा की ओर समस्त प्रकार के वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- गणेशरा कट एनएच-19 बैरियर से पोतरा कुंड श्रीकृष्ण जन्मभूमि की ओर सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- भैंस बोहरा केआर डिग्री कॉलेज तिराहा से अमरनाथ कट की ओर सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- बीएन पोद्दार कॉलेज बैरियर से कार, ऑटो टेंपो, ई-रिक्शा होलीगेट की ओर प्रतिबंधित रहेंगे।
- स्टेट बैंक चौराहा से भरतपुर गेट की ओर कार, ऑटो, ई-रिक्शा, भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- नए बस अड्डे से भूतेश्वर तिराहा तक सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- एनएच-19 बजरंग धर्मकांटा अंडरपास से बस अड्डे की ओर भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
श्रीकृष्ण जन्मभूमि आने वालों की गाड़ियों की यहां होगी पार्किंग
मथुरा: ट्रैफिक
- फोटो : अमर उजाला
वीवीआईपी/वीआईपी के वाहनों की पार्किंग नगर पालिका पार्किंग, पोतरा कुंड के पश्चिम में। यमुना एक्सप्रेस-वे/वृंदावन की ओर से श्रीकृष्ण जन्मभूमि आने वाले वाहनों की पार्किंग आईटीआई, पीएमबी पॉलिटेक्निक स्कूल, राजेश सैनी का खाली प्लाट, आरके ज्वैलर्स के खाली प्लाट (जयसिंहपुरा पार्किंग) में, गोकुल रेस्तरां/एनएच-19 से मसानी आने वाले वाहनों की पार्किंग आरएसएस संस्था के सामने, गोविंद मित्तल का प्लॉट गोकुल रेस्तरां के पास, आईएसबीटी बस अड्डा, नयति अस्पताल की खाली भूमि पर होगी।
इसी तरह गोवर्धन चौराहा एवं मंडी चौराहा से भूतेश्वर आने वाले वाहनों की पार्किंग भूतेश्वर फायर सर्विस पार्किंग, नगर निगम मार्केट कृष्णा नगर बिजलीघर के पास होगी। एनएच-19 होकर श्रीकृष्ण जन्मभूमि पर आने वाले वाहनों की पार्किंग मंडी परिसर में होगी। यमुना एक्सप्रेस-वे होकर लक्ष्मी नगर होकर आने वाले वाहनों की पार्किंग जीआईसी इंटर कालेज, रामलीला मैदान पर होगी।
टाउनशिप चौराहा गौकुल बैराज से आने वाले वाहनों की पार्किंग सेठ बीएन पोद्दार इंटर कॉलेज, कलेंसी इंटर कॉलेज के मैदान पर होगी। एनएच-19 थाना हाईवे की तरफ से आने वाले वाहनों की पार्किंग रेलवे ग्राउंड धौली प्याऊ पर होगी। एनएच-19 जयगुरुदेव कट से बस स्टैंड से आने वाले वाहनों की पार्किंग रेलवे मालगोदाम स्थित खाली मैदान पर होगी। वहीं, मीडिया के वाहनों की पार्किंग केजेएस गेट संख्या-1 के पास (मुख्य द्वार) पर होगी।
वृंदावन के लिए यह रहेगी व्यवस्था
वृंदावन के एक चौराहे पर लगी वाहनों की कतार
- फोटो : अमर उजाला
प्रतिबंधित मार्ग -
- छटीकरा से वृंदावन की ओर सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- छटीकरा-वृंदावन मार्ग पर मल्टीलेवल पार्किंग स्थल से आगे कोई वाहन नहीं जाएगा।
- वैष्णो देवी पार्किंग से सभी प्रकार के भारी वाहन वृंदावन की ओर नहीं जाएंगे।
- रुक्मिणी विहार गोल चक्कर से वृंदावन की ओर सभी भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- मथुरा-वृंदावन मार्ग पर सौ शैया से आगे सभी भारी वाहन और कार प्रतिबंधित रहेंगी।
- वृंदावन कट, पानीगांव से वृंदावन की ओर सभी प्रकार के भारी वाहन नहीं जाएंगे।
- पानी घाट तिराहे (यमुना पुल) से परिक्रमा मार्ग-वृंदावन की ओर सभी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- पानीगांव चौराहा से सौ-शैया वृंदावन की ओर सभी प्रकार के भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
- पुलिस चौकी जैत के पास कट से एनएच-2 से तथा परिक्रमा मार्ग कट एनएच-2 से भारी वाहन/हल्के वाहन, सुनरख रोड/वृंदावन की ओर कोई वाहन प्रवेश नहीं करेगा।
- गोकुल रेस्टोरेंट व मसानी चौराहा से वृंदावन की ओर भारी वाहन प्रतिबंधित रहेंगे।
वृंदावन में पार्किंग व्यवस्था
- यमुना एक्सप्रेस-वे से वृंदावन आने वाले वाहनों की पार्किंग व्यवस्था
- शिवा ढाबा के सामने, पानीगांव पुलिस चौकी के पास, पैराग्लाइडिंग पार्किंग। पानी गांव पशु पैठ (बड़े वाहन बस, इत्यादि)। पवन हंस हैलीपैड, मंडी पार्किंग, दारुक पार्किंग, टीएफसी मैदान पार्किंग।
मथुरा शहर से वृंदावन जाने वाले वाहनों की पार्किंग-
- टीएफसी मैदान पार्किंग, चौहान पार्किंग, मंडी पार्किंग, आईटीआई कॉलेज पार्किंग (समस्त प्रकार की बड़ी बसें/ट्रैवलर), पागल बाबा अस्पताल की खाली भूमि गांव धौरेरा (चार पहिया वाहन)
- एनएच-19 छटीकरा से वृंदावन की ओर आने वाले वाहनों की पार्किंग
- माता वैष्णों देवी मंदिर के सामने पार्किंग संख्या एक और दो और तीन (बड़े वाहन), रॉयल भारती मोड़ पार्किंग (छोटे वाहन), रुक्मिणी विहार गोल चक्कर के पास पार्किंग, मल्टीलेवल पार्किंग, हरे कृष्णा ऑर्चिड के सामने पार्किंग (ई-रिक्शा स्टैंड), प्रेम मंदिर के पीछे सुनरख तिराहा मोड़ पार्किंग, जादौन पार्किंग (वीआईपी पार्किंग)।
- एनएच-19 थाना जैत कट से वृंदावन आने वाले वाहनों की पार्किंग
- रामताल चौराहा के पास खाली भूमि (बड़े वाहन बस/ट्रैवलर, कार), छह शिखर तिराहा के पास पार्किंग (कार)।
शाहबिहारी मंदिर में सेवायतों ने आराध्य का पंचामृत से किया अभिषेक
शाहबिहारी मंदिर में आराध्य का पंचामृत से अभिषेक करते सेवायत
- फोटो : अमर उजाला
वृंदावन के प्रत्येक मंदिर में लल्ला के जन्मोत्सव को लेकर तैयारियां चल रही हैं। लोगों में खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। इसी कड़ी में वृंदावन के शाहबिहारी मंदिर में सेवायतों ने कान्हा का पंचामृत से अभिषेक किया।
नंदलाल के स्वागत में ब्रज में निकाली गई शोभायात्रा
नंदलाल के स्वागत में शोभायात्रा निकालते श्रद्धालु
- फोटो : अमर उजाला
तीर्थनगरी मथुरा में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर कन्हैया की जन्मस्थली ब्रज में विभिन्न संस्कृतियों का समागम हुआ। बुंदेलखंड, भोजपुरी, हरियाणवी और ब्रज संस्कृति का समागम देख मथुरावासी ही नहीं देश-विदेश से आए भक्त भी आनंदित हो उठे। यह नजारा 250 लोक कलाकारों की शोभायात्रा में देखने को मिला।
आराध्य के दर्शन को आतुर श्रद्धालु कतार में खड़े
श्री बांके बिहारी मंदिर में लगी श्रद्धालुओं की 500 मीटर लंबी लाइन
- फोटो : अमर उजाला
वृंदावन में विद्यापीठ चौराहा से लेकर ठाकुर श्री बांके बिहारी मंदिर तक श्रद्धालुओं की करीब 500 मीटर लंबी कतार लगी हुई है। भक्त हरे कृष्णा हरे कृष्णा जपते हुए आराध्य के दर्शन को आतुर हैं।
श्री कृष्ण जन्म स्थान से बाल कलाकारों ने निकाली नगर यात्रा
नगर यात्रा निकालते बाल कलाकार
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा नगरी में चहुंओर कृष्ण कृष्ण और सिर्फ कृष्ण सुनाई दे रहा है। जन्मोत्सव के उत्साह में भक्त कृष्णमय हैं। इसी कड़ी में श्री कृष्ण जन्म स्थान से बाल कलाकारों ने नगर यात्रा निकाली।
मथुरा नगरी में कलाकारों ने निकाली नगर यात्रा
नगर यात्रा में शामिल कलाकार
- फोटो : अमर उजाला
मथुरा नगरी में चहुंओर कृष्ण कृष्ण और सिर्फ कृष्ण सुनाई दे रहा है। जन्मोत्सव के उत्साह में भक्त कृष्णमय हैं। इसी कड़ी में श्री कृष्ण जन्म स्थान से नगर यात्रा निकाली गई। इस नगर यात्रा में विभिन्न संस्कृतियों का मेल देखने को मिला। कई राज्यों से आए कलाकारों ने भी इसमें हिस्सा लिया।
श्री कृष्ण जन्म भूमि के मुख्य द्वार के सामने कलाकार कर रहे नृत्य
अपने कान्हा के जन्म की खुशी में नृत्य करते कलाकार
- फोटो : अमर उजाला
कान्हा की नगरी आज चहुंओर से कृष्णमय है। भक्त यात्राएं निकाल रहे हैं। गायन कर रहें हैं। मंडली में भजन और कीर्तन कर रहे हैं। श्री कृष्ण जन्म भूमि के मुख्य द्वार के सामने कलाकार नृत्य कर रहे हैं। हर कोई अपने कान्हा के जन्म का बेसब्री से इंतजार कर रहा है।
गोस्वामीजन ठाकुर राधा रमण मंदिर में ठाकुरजी का किया महाभिषेक
प्राचीन ठाकुर राधा रमण मंदिर में ठाकुरजी का महा अभिषेक करते गोस्वामीजन
- फोटो : अमर उजाला
वृंदावन के प्राचीन मंदिरों में प्रात: से भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की धूम मची है। ठाकुरजी का मंत्रोच्चारों के मध्य महाभिषेक किया गया। अभिषेक के दौरान मंदिर जयकारों से गुजायमान हो गए। श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव की साक्षी बनने के लिए हजारों श्रद्धालुओं की भीड़ मंदिरों में उमड़ी।
ठाकुर राधादामोदर मंदिर में ब्रहस्पतिवार को सुबह साढे दस बजे वेद मंत्रोच्चारों के मध्य ठाकुर जी के चल विग्रह का पंचामृत एवं महौषधि से अभिषेक किया। इसके पश्चात मनमोहक विशेष श्रृंगार दर्शन देर रात तक हुए। ठाकुर राधादामोदर का अभिषेक आचार्य तरुण गोस्वामी, करुण गोस्वामी, आचार्य कृष्ण बलराम गोस्वामी एवं पूर्णचंद्र गोस्वामी ने विधिविधान से किया। वहीं गर्भगृह से बाहर मंदिर के जगमोहन में गिरिराज शिला का पंचामृत से सेवायत गोस्वामियों ने अभिषेक किया।
ठा. राधारमण मंदिर में सेवायतों ने वेदमंत्रों के मध्य 2100 किलो दूघ, दही, घी, शक्कर, पंचगव्य, सर्वोषधि,गंधाष्टक और बीजाष्टक से ठा. राधारमण महाराज का महाभिषेक विधिविधान पूर्वक किया। आचार्य श्रीवत्स गोस्वामी एवं सेवायत गोस्वामी बारी-बारी से ठाकुर राधारमण लाल का अभिषेक किया। श्रद्धालु इस नयनाभिराम छवि को निहारने के लिए होड़ मची रही। भगवान के प्राकट्य की खुशी के पल को भगवान के जयकारे लगा रहे थे।
ठा. राधारमण मंदिर के सेवायत पंकज गोस्वामी, अनिल गोस्वामी, ने भी अभिषेक किया। राधारमण मंदिर के सेवायत आचार्य पद्मनाभ गोस्वामी ने बताया कि भगवान कृष्ण के जन्मोत्सव पर आचार्य गोपाल भट्ट गोस्वामी की प्रेरणा से अभिषेक पद्दति का शुभारंभ हुआ। वहीं परंपरा मंदिरों के गोस्वामी सैकड़ों वर्षों से संजोए हुए हैं।
तीर्थनगरी मथुरा में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर कन्हैया की जन्मस्थली ब्रज में विभिन्न संस्कृतियों का समागम हुआ। बुंदेलखंड, भोजपुरी, हरियाणवी और ब्रज संस्कृति का समागम देख मथुरावासी ही नहीं देश-विदेश से आए भक्त भी आनंदित हो उठे। यह नजारा 250 लोक कलाकारों की शोभायात्रा में देखने को मिला।
मथुरा-वृंदावन में चप्पे-चप्पे पर पुलिस तैनात
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर मथुरा और वृंदावन में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त किया गया है। अधिकारी खुद मंदिर-मंदिर जाकर जायजा ले रहे हैं। उप्र के प्रमुख सचिव और डीजीपी सीधी निगरानी कर रहे हैं। अधिकारियों से हर एक घंटे की रिपोर्ट ली जा रही है।
बढ़ती जा रही भक्तों की संख्या
जैसे-जैसे श्रीकृष्ण के जन्म की घड़ी नजदीक आ रही है, वैसे-वैसे कान्हा की नगरी में भक्तों की संख्या बढ़ती जा रही है। शाम पांच बजे तक करीब 15 लाख लोग मथुरा-वृंदावन में दर्शन को पहुंच चुका है। एसएसपी शैलेश कुमार पांडेय ने बताया कि मथुरा-वृंदावन में सुरक्षा व्यवस्था में पुलिस मुस्तैद है।
कान्हा के जन्म की घड़ी जैसे-जैसे नजदीक आ रही है, भक्तों की संख्या भी बढ़ती जा रही है। मथुरा में जगह-जगज सजाई गईं झांकियां लोगों को अपनी ओर आकर्षित कर रही हैं। जन्मभूमि के द्वार के सामने भारी संख्या में भक्तों की भीड़ जुटी हुई है।
अजन्मे के जन्म के लिए अब कुछ घंटों का इंतजार
अजन्मे के जन्म के लिए अब कुछ घंटों का ही इंतजार है। उससे पहले जन्मभूमि पर भक्तों की भीड़ उमड़ना शुरू हो गई है। रात की बदरी छाते ही जन्मभूमि रंग बिरंगी रोशनी से झिलमिला उठी है।
सीएम योगी आदित्यनाथ ने दीं शुभकामनाएं
लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम में बोलते हुआ सीएम योगी आदित्यनाथ ने श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की प्रदेश वासियों को शुभकामनाएं दीं।
कृष्ण जन्मभूमि पर भक्तों का रैला
जैसे ही घड़ी की सुइयां रात 12 बजे के आंकड़े को छुएंगीं घंटे-घड़ियाल और शंख ध्वनि से ब्रज के मंदिर गूंज उठेंगे। भगवान का वैदिक मंत्रोच्चार के साथ जन्म के बाद अभिषेक होगा। कृष्ण जन्मभूमि मंदिर में भक्तों का पहुंचना शुरू हो गया है। पूरा मंदिर परिसर कान्हा के जयकारों गूंज रहा है।
वृंदावन आए सांसद मनोज तिवारी
- फोटो : अमर उजाला
वृंदावन आए सांसद मनोज तिवारी
दिल्ली के भाजपा सांसद मनोज तिवारी वृंदावन परिक्रमा मार्ग स्थित राधाकिशोरी धाम आश्रम में श्रीकृष्ण जन्मोत्सव में शामिल हुए। आश्रम में महामंडलेश्वर इंद्रदेवेश्वरानंद महाराज से आशीर्वाद लिया और मंच पर पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण के भजन गाए।
कृष्ण जन्मभूमि पर लगी दो किमी लंबी कतार
अजन्मे के जन्म को लेकर श्रद्धालु खासे उत्साहित हैं। श्रीकृष्ण जन्मभूमि के किसी भी द्वार पर पैर रखने तक की जगह नहीं मिल पा रही है। आलम ये है कि प्रवेश द्वार से करीब दो किमी लंबी लाइन बाहर लगी हुई है। भक्त कान्हा के जन्म के साक्षी बनने के लिए लालायित नजर आ रहे हैं।
मथुरा आए नृत्य गोपालदास महाराज, बोले- रामलला का संघर्ष पूरा, अब श्रीकृष्ण जन्मस्थान की बारी
अयोध्या में रामलला को उनका जन्म स्थान दिलाने के लिए लंबी कानूनी लड़ाई लड़ने वाले श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के अध्यक्ष नृत्य गोपालदास महाराज श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर मथुरा आए। उन्होंने कहा कि रामलला का संघर्ष पूरा हो गया। अब श्रीकृष्ण जन्मस्थान की बारी है। जीवन में यही दो लक्ष्य निर्धारित किए थे। एक पूरा हो गया और दूसरा पूरा होने की कगार पर है।
लल्ला के जन्म का इंतजार, जन्मस्थान संस्थान के बाहर लाखों श्रद्धालुओं का डेरा
श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के साक्षी बनने को आए लाखों की संख्या में श्रद्धालुओं ने जन्मस्थान के आसपास डेरा जमा लिया है। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने पर्याप्त व्यवस्था कर रखी है। जन्मस्थान को जाने वाले रास्तों पर खेल खिलौने बेचने वालों की दुकान लगी हुई हैं। भीड़ का आलम इतना अधिक है कि श्री कृष्ण जन्मस्थान संस्थान के बाहर बिछाई गई लाल रंग की कालीन पर श्रद्धालु लल्ला के जन्म का इंतजार कर रहे हैं।
कान्हा के जन्म का काउंट डाउन शुरू, भक्तों में छाया उल्लास
श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर भगवान श्रीकृष्ण के जन्म के साक्षी बनने के लिए आए लाखों श्रद्धालुओं के दिल की धड़कनें तेज हो गईं हैं। क्योंकि कान्हा के जन्म का काउंट डाउन शुरू हो गया है। कुछ ही देर में कान्हा का जन्म होगा। भक्त भगवान श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप के दर्शन करेंगे। इसके बाद प्रसाद का वितरण किया जाएगा।
कान्हा के जन्म के साथ बज उठे घंटे-घड़ियाल, कृष्णमय हुआ वातावरण
जैसे ही भगवान कृष्ण का जन्म हुआ तो मंदिरों में घंटे-घड़ियाल बज उठे और हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैया लाल आदि जयकारों से वातावरण कृष्णमय हो गया।
प्रगटे कन्हाई, गोकुल में बाजत बधाई...
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की अद्भुत घड़ी का इंतजार कर रहे भक्तों में उस वक्त उल्लास छा गया जब श्रीकृष्ण जन्मस्थान पर रात 12 बजते ही ढोल-नगाड़े और घंटे घड़ियाल गूंज उठे। झांझ-मंजीरे, मृदंग और शंख की मंगलध्वनि की बीच कान्हा के बधाई गीत गुंजायमान हो उठे। हर जुबां पर राधे-कृष्ण, राधे-राधे के बोल थे।
कृष्णमयी हुआ माहौल
उधर, गोकुल सहित पूरे ब्रज के मंदिरों में प्रगट भये गोपाला...और बधाई गीतों से माहौल भक्तिमय हो गया। आराध्य बाल गोपाल के दर्शन कर भक्त भाव विभोर होकर नाचने लगे। श्रीकृष्ण जन्मस्थान के भागवत भवन में महंत नृत्य गोपालदास महाराज सहित श्रीकृष्ण जन्मस्थान के ट्रस्टी अनुराग डालमिया, सचिव कपिल शर्मा और सदस्य गोपेश्वर नाथ चतुर्वेदी ने सोने/चांदी से निर्मित 100 किग्रा की कामधेनु गाय की प्रतिमा में हरिद्वार के गंगाजल सहित पंचामृत को भरकर लल्ला का आभिषेक किया।
अजन्मे के जन्म के साक्षी बने लाखों श्रद्धालु
अजन्मे के जन्म के साक्षी बनने के लिए सुबह से ही श्रीकृष्ण जन्मस्थान और उसके आसपास देश-विदेश से लाखों भक्त पहुंच गए। भक्तों में कान्हा के दर्शन का उत्साह देखते ही बन रहा था। रात 12 बजने को हुए तो जन्मस्थान स्थित भागवत भवन में श्री कृष्ण के श्रीविग्रह को श्रीराधाकृष्ण की प्रतिमा के समक्ष लाया गया। यहां रजत कमल पुष्प में विराजमान भगवान श्रीकृष्ण का श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र के अध्यक्ष महंत नृत्य गोपालदास महाराज ने सवा मन दूध, दही, शहद, घी, बूरा आदि दिव्य औषधियों से बनाए पंचामृत से अभिषेक किया। इस दौरान गुलाब और चमेली-बेला के पुष्पों की वर्षा होने लगी और यह क्रम अनवरत चलता रहा। भक्त हरिबोल-राधे कृष्ण के जयकारे लगाते हुए दर्शन कर भाव विभोर हो रहे थे।