भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे पहलवानों और केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर के बीच मैराथन बैठक खत्म हुई।
खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से धरने पर बैठे पहलवान मिलने पहुंचे हैं। बजरंग पूनिया के साथ रवि दहिया, विनेश फोगाट, साक्षी मलिक और बबीता फोगाट भी वहां गई हैं। पूर्व पहलवान और भाजपा नेता बबीता सरकार की ओर से जंतर-मंतर पर भी गई थीं। खेल मंत्री ने सबको डिनर पर बुलाया है।
भारतीय ओलंपिक संघ की अध्यक्ष पीटी ऊषा ने भी इस मामले पर अपना पहला बयान दिया। उन्होंने कहा, ''हम एथलीटों से अनुरोध करते हैं कि वे आगे आएं और हमारे साथ अपनी चिंताओं को व्यक्त करें। हम न्याय के लिए एक पूरी जांच सुनिश्चित करेंगे। हमने भविष्य में ऐसी स्थितियों से निपटने के लिए एक विशेष समिति बनाने का भी फैसला किया है।"
केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर ने पहलवानों के धरने को लेकर पहली बार बयान दिया। उन्होंने चंडीगढ़ में कहा, ''पहलवानों के आरोपों का संज्ञान लेते हुए खेल मंत्रालय ने भारतीय कुश्ती संघ को नोटिस भेजकर 72 घंटे में जवाब मांगा है। आगामी शिविर भी तत्काल प्रभाव से स्थगित कर दिया गया है। मैं दिल्ली जा रहा हूं और पहलवानों से मिलूंगा।''
विनेश फोगाट के चाचा और गीता-बबीता फोगाट के पिता महावीर फोगाट ने भारतीय कुश्ती संघ के प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह पर निशाना साधा। उन्होंने कहा, ''भ्रष्ट व्यक्ति को पद पर नहीं बने रहना चाहिए। एक अच्छा पहलवान या एथलीट आना चाहिए, राजनीतिक व्यक्ति नहीं। अगर लड़कियां आवाज उठाएं तो भविष्य में इस तरह के खतरों से बचा जा सकता है।''
पहलवान बजरंग पूनिया ने कहा, ''अगर शुक्रवार (20 जनवरी) तक फेडरेशन को बर्खास्त नहीं किया जाता है तो हम कुश्ती संघ के अध्यक्ष के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाएंगे। साथ ही जब तक हमें न्याय नहीं मिल जाता है तब तक धरने पर बैठे रहेंगे।''
खेल मंत्रालय से बैठक के बाद बजरंग पूनिया, विनेश फोगाट और साक्षी मलिक ने मीडिया के सामने अपनी बात रखी। पहलवानों ने कहा कि वह कुश्ती संघ के अध्यक्ष का इस्तीफा लेकर रहेंगे। पहलवानों ने यह भी साफ कर दिया कि जब तक कार्रवाई नहीं होगी, तब तक धरना जारी रहेगा। वे आश्वासन से खुश नहीं हैं। उन्हें कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला है। वह ठोस कार्रवाई चाहते हैं। वह इस बात की उम्मीद में बैठे हैं कि उन्हें न्याय मिलेगा। पूरे कुश्ती संघ को भंग करना चाहिए, जब तक संघ को भंग नहीं किया जाएगा, हम पीछे नहीं हटेंगे।
पहलवानों ने कहा कि उनके पास कुश्ती संघ के अध्यक्ष के खिलाफ पर्याप्त सबूत हैं। उनके साथ 5-6 लड़कियां हैं, जिनका यौन शोषण हुआ है और इसे साबित करने के लिए सबूत भी हैं, लेकिन वह सबूत सार्वजानिक नहीं करना चाहते हैं। इस बीच पहलवानों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से न्याय दिलाने की गुहार लगाई। पहलवानों ने यह भी कहा है कि हम यह सुनिश्चित करेंगे कि बृजभूषण सिंह इस्तीफा दें और उन्हें जेल भिजवाकर रहेंगे। पहलवानों ने यह भी कहा कि इस मामले में वह केस भी फाइल करेंगे।
शरद पवार की पार्टी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी ने भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण सिंह का इस्तीफा मांगा है। एनसीपी के राष्ट्रयी प्रवक्ता क्लाइड क्रास्टो ने कहा "हमारे देश के लिए पदक जीतने वाली महिला पहलवान भारतीय कुश्ती महासंघ के सभी गलत कामों के खिलाफ खुद के लिए न्याय मांगने के लिए दिल्ली के जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन कर रही हैं।"
दिल्ली की पालम 360 खाप पंचायत के प्रधान सुरेंद्र सिंह सोलंकी ने भी पहलवानों का समर्थन किया है। उन्होंने कहा, इस मामले में कुश्ती फेडरेशन के अध्यक्ष को तत्काल प्रभाव से इस्तीफा दे देना चाहिए। सरकार को उन्हें बर्खास्त कर देना चाहिए। ऐसा निष्पक्ष जांच के लिए जरुरी है। जंतर मंतर पर सैंकड़ों खिलाड़ी बैठे हैं। वे यूं ही किसी पर आरोप नहीं लगा सकते। उनकी भी अपनी साख है।
भारतीय कुश्ती महासंघ की कार्यकारी समिति और वार्षिक आम बैठक (एजीएम) 22 जनवरी को यूपी के अयोध्या में होगी। बैठक में महासंघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह हिस्सा लेंगे। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार बृजभूषण सिहं इस बैठक में इस्तीफा दे सकते हैं।
खेल मंत्रालय के अधिकारियों के साथ पहलवानों की बैठक खत्म हो चुकी है। इस बैठक में पहलवानों की तरफ से चार लोग प्रतिनिधिमंडल में शामिल हुए थे।
पहलवानों की मांग है कि कुश्ती संघ को पूरी तरह से खत्म कर दिया जाए और नए संघ का गठन किया जाए। खिलाड़ियों का कहना है कि कुश्ती संघ में भ्रष्ट लोगों की भरमार है।
प्रदर्शन कर रहे पहलवानों का प्रतिनिधि मंडल बातचीत के लिए खेल मंत्रालय पहुंच चुका है। पहलवानों के प्रतिनिधिमंडल में कुल चार पहलवान शामिल हैं। बजरंग पूनिया ने कहा है कि खेल मंत्रालय के अधिकारियों से बातचीत के बाद वह मीडिया को जानकारी देंगे। यह केन्द्रीय खेल मंत्रालय के ऑफिस में होगी, जो शास्त्री भवन में है।
दिल्ली के जंतर-मंतर में प्रदर्शन कर रहे पहलवानों को खेल मंत्रालय की तरफ से संदेश आया है। बजरंग पूनिया ने बताया कि खेल मंत्रालय की तरफ से उन्हें बातचीत के लिए बुलाया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि वे बातचीत के लिए जा रहे हैं। चार पहलवानों का प्रतिनिधि मंडल खेल मंत्रालय से बातचीत के लिए जाएगा। अगर यह बातचीत सफल रही तो प्रदर्शन आज ही खत्म हो सकता है।
विनेश फोगाट के बाद पहलवान अंशु मलिका ने भी बृजभूषण सिंह पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बृजभूषण खिलाड़ियों के होटल में रुकते थे और अपना कमरा खुला रखते थे।
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी की नेता वृंदा करात भी पहलवानों के प्रदर्शन में पहुंची हैं। हालांकि, उन्हें मंच पर नहीं चढ़ने दिया गया और उन्होंने पहलवानों से बातचीत की। बजरंग पूनिया पहले ही साफ कर चुके हैं कि उनका प्रदर्शन किसी राजनीतिक दबाव में नहीं हो रहा है। वह कुश्ती की भलाई के लिए विरोध कर रहे हैं। उन्हें किसी राजनेता के समर्थन की जरूरत नहीं है।
वृंदा करात ने कुश्ती फेडरेशन पर लगे आरोपों को लेकर कहा कि देश के अंदर यौन शोषण का एक कानून है। उसके तहत कार्रवाई हो। जिन खिलाड़ियों ने देश का नाम रोशन किया है, जब उन्हीं के साथ ऐसी हरकत होती है तो तुरंत कार्रवाई होनी चाहिए।
विनेश फोगाट ने हरियाणा कुश्ती संघ पर भी गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि हरियाणा में जो नया कुश्ती संघ बनाया गया है, उसमें भी बृजभूषण शरण सिंह जैसे लोग हैं।
पहलवानों के प्रदर्शन में पहुंचने के बाद भाजपा नेता बबीता फोगाट ने कहा कि उन्होंने पहलवानों से बात की और उन्हें यह आश्वासन दिया है कि सरकार उनके साथ है। वह कोशिश करेंगी की पहलवानों की समस्याओं का निराकरण आज ही कर दिया जाए।
भाजपा नेता बबीता फोगाट दिल्ली के जंतर-मंतर में प्रदर्शन कर रहे पहलवानों के पास पहुंची हैं। बबीता भी पहले पहलवान रह चुकी हैं। इसके बाद वह राजनीति में आईं। उनके कई रिश्तेदार भी इस प्रदर्शन में शामिल हैं। बजरंग पूनिया ने बताया की बबीता सरकार की तरफ से बातचीत करने के लिए आई हैं। वह मध्यस्थ के रूप में यहां आई हैं और पहलवान उनसे बातचीत करेंगे। इसके बाद आगे की जानकारी दी जाएगी।
पहलवान गीता फोगाट और बबीता फोगाट ने भी ट्वीट कर पहलवानों का समर्थन किया है। गीता ने लिखा "आज बहुत दुख: हुआ यह तस्वीर देखकर की हमारे देश के गौरव ओलंपिक पदक विजेता खिलाड़ी दिल्ली मे जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे है। ये तानाशाही बंद होनी चाहिये आज हम पूर्ण रूप से अपने खिलाड़ी साथियो की मांगों का समर्थन करते है।"
आज बहुत दुख: हुआ यह तस्वीर देखकर की हमारे देश के गौरव ओलंपिक पदक विजेता खिलाड़ी दिल्ली मे जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे है। ये तानाशाही बंद होनी चाहिये आज हम पूर्ण रूप से अपने खिलाड़ी साथियो की मांगों का समर्थन करते है। @PMOIndia @AmitShah @ianuragthakur https://t.co/HWlLHqpTxJ
— geeta phogat (@geeta_phogat) January 18, 2023
कुश्ती के इस मामले में मैं अपने सभी साथी खिलाड़ियो के साथ खड़ी हूँ। मैं आप सबको विश्वास दिलाती हूँ कि सरकार से हर स्तर पर इस विषय को उठाने का काम करूँगी और खिलाड़ियों के भावनाओं के अनुरूप ही आगे का भविष्य तय होगा।
— Babita Phogat (@BabitaPhogat) January 19, 2023
कांग्रेस नेता प्रियंका गांधी ने इस मामले को लेकर ट्वीट किया। उन्होंने लिखा "हमारे खिलाड़ी देश की शान हैं। विश्व स्तर पर अपने प्रदर्शन से वे देश का मान बढ़ाते हैं। कुश्ती फेडरेशन व उसके अध्यक्ष पर खिलाड़ियों ने शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं। इन खिलाड़ियों की आवाज सुनी जानी चाहिए। आरोपों की जांच कर उचित कार्रवाई की जानी चाहिए।"
फोगाट खाप ने विनेश फोगाट के आरोपों को सही बताते हुए धरने पर बैठे पहलवानों का समर्थन किया है। फोगाट खाप ने दोपहर में सभी खापों की बैठक भी बुलाई है।
आरोपों से घिरे कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण सिंह ने खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से बात की है। उन्होंने अपने आरोपों पर खेल मंत्री को सफाई दी है। इससे पहले खेल मंत्रालय ने कुश्ती संघ से 72 घंटे के अंदर पहलवानों के आरोपों पर जवाब मांगा था।
बुधवार को शुरू हुआ पहलवानों का धरना गुरुवार को भी जारी है। अपने प्रदर्शन के दूसरे दिन पहलवानों ने मौन व्रत रखा है। सभी पहलवान दिल्ली के जंतर-मंतर में धरने पर बैठे हुए हैं।
केंद्रीय खेल मंत्रालय ने भारतीय कुश्ती संघ (डब्ल्यूएफआई) से इस मामले पर स्पष्टीकरण मांगा है। कुश्ती संघ को पहलवानों के आरोपों पर अगले 72 घंटों के अंदर जवाब देने का निर्देश दिया गया है।
महिला राष्ट्रीय कुश्ती प्रशिक्षण शिविर रद्द कर दिया गया है। यह शिविर लखनऊ के भारतीय खेल प्राधिकरण के राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र में 18 जनवरी से शुरू होना था और इसमें 41 पहलवानों और 13 प्रशिक्षकों सहित कई सहायक कर्मचारी शामिल होने वाले थे।
बुधवार सुबह अचानक 30 भारतीय पहलवान दिल्ली के जंतर-मंतर पर जाकर धरने पर बैठ गए। इन पहलवानों में विनेश फोगाट, बजरंग पूनिया और साक्षी मलिक जैसे बड़े पहलवान भी शामिल थे। पहलवानों ने भारतीय कुश्ती संघ और संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर मनमानी के आरोप लगाए और शाम को अपना पक्ष रखने की बात कही। इस बीच कुश्ती संघ के सहायक सचिव विनोद तोमर भी प्रदर्शन कर रहे पहलवानों से मिले। उन्होंने कहा कि अगर पहलवान संघ के पास आते हैं तो उनकी सभी समस्याओं का समाधान किया जाएगा, लेकिन पहलवान धरने पर बैठे रहे।
शाम को प्रेस कॉन्फ्रेंस में बजरंग पूनिया ने कहा कि संघ में बैठे लोग मनमानी कर रहे हैं। उन्हें खेल के बारे में कुछ नहीं पता। हमें कोच नहीं दिए जाते हैं और इसका विरोध करने पर धमकाया जाता है। वहीं, विनेश फोगाट ने बृजभूषण शरण सिंह और संघ में उनके चहेते लोगों पर यौन शोषण के आरोप लगाए। विनेश ने कहा कि बृजभूषण शरण सिंह ने कई लड़कियों का यौन शोषण किया है। उनके चहेते लोग भी लड़कियों का शोषण करते हैं। पुरुष कोच भी लड़कियों के अलावा महिला कोच का भी शोषण करते हैं।
विनेश के इन आरोपों के बाद बवाल मच गया। दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाती मालीवाल भी खिलाड़ियों से मिलीं और बृजभूषण सिंह को गिरफ्तार करने की मांग की। वहीं, बृजभूषण सिंह ने कहा कि सभी आरोप निराधार हैं। 97 फीसदी पहलवान संघ के साथ है। अगर ये आरोप सही साबित हुए तो वह धरने पर बैठ जाएंगे। उन्होंने यह भी आरोप लगाए कि जो पहलवान धरने पर बैठे हैं, वह ट्रायल नहीं देना चाहते। हालांकि, पहलवानों का प्रदर्शन जारी रहा।
अब खेल मंत्रालय ने भारतीय कुश्ती संघ से जवाब मांग लिया है। वहीं, 18 जनवरी से लखनऊ में शुरू होने वाला महिला पहलवानों का कैंप भी रद्द हो गया है।
कौन हैं बृजभूषण?
राम मंदिर आंदोलन से राजनीति में आने वाले बृजभूषण उत्तरप्रदेश के बड़े नेताओं में से एक हैं। वह लगातार छह बार से सांसद हैं। वह फिलहाल गोंडा जिले की कैसगंज सीट से भाजपा सांसद हैं। बृजभूषण 2011 के कुश्ती संघ के अध्यक्ष हैं। 2019 में उन्होंने लगातार तीसरी बार इस पद पर चुनाव जीता था।
दिल्ली के जंतर-मंतर पर भारत के 30 पहलवान धरने पर बैठे हुए हैं। इनमें कई बड़े पदक विजेता भी शामिल हैं। विरोध प्रदर्शन कर रहे पहलवानों ने भारतीय हॉकी संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर यौन शोषण के आरोप लगाए हैं। हालांकि, बृजभूषण शरण सिंह ने इन आरोपों को सिरे से खारिज किया है। अब इस मामले में खेल मंत्रालय ने भी एक्शन लिया है और भारतीय कुश्ती संघ से जवाब मांग लिया है।