04:06 PM, 18-Jun-2023
चौथी पास राजा की कहानी
केजरीवाल ने मंच से लोगों को कहानी सुनाई। उन्होंने कहा कि चौथी पास राजा की कहानी आप जितना प्रचार प्रसार करोगे उतनी देश की तरक्की होगी। ये कहानी एक राजा की है, जो चौथी पास था। वो अहंकारी राजा था। इस कहानी में राजा तो है पर रानी नहीं है। एक बार बहुत गरीब घर में एक बच्चा पैदा हुआ। ज्योतिषि आया बच्चे को देखा और बोला माई तेरा बेटा सम्राट बनेगा। माई हैरान रह गई। कुछ साल बाद बच्चा स्कूल जाने लगा। मन नहीं लगा तो चौथी के बाद स्कूल से नाम कटवा लिया। घर में गरीबी के कारण वो बचपन में ही चाय बेचने लगा। वो भाषण बहुत अच्छा देता था। घंटों तक भाषण देता रहता था। बाद में वो राजा बन गया। पढ़ा लिखा तो था नहीं तो अफसर जहां बोलते थे वो वहां साइन कर देता था। धीरे-धीरे सबको पता चल गया राजा अनपढ़ है। उसने धीरे से एक फर्जी डिग्री ले ली। अब राजा और अहंकारी हो गया। पता तो कुछ था नहीं किसी ने कहा नोटबंदी कर दो। राजा ने नोटबंदी कर दी। पूरे देश का बेड़ा गर्क हो गया। सब रोजगार बरबाद हो गया। फिर किसी ने कहा कि किसान कानून बना दो। अब राजा को समझ ताे थी नहीं उसने तीन कानून बना दिए। नतीजा साढ़े सात सौ किसान मर गए। आंदोलन हो गया। फिर राजा को अपने कानून वापस लेने पड़े। राजा को अक्कल तो थी नहीं। उन्होंने कहा कि अंत में आपसे एक ही विनती है कि अगली बार वोट डालना तो ऐसे आदमी को वोट डालना जिसको इतनी समझ हो कि दो हजार का नोट चलाना है या बंद करना है।