02:00 AM, 10-Oct-2026
सीजेपी के आंदोलन पर वाम दलों का रूख क्या?
वाम दलों ने शुक्रवार को 10 अक्तूबर को होने वाली लामबंदी से पहले लगाए गए प्रतिबंधों की कड़ी निंदा की। दिल्ली पुलिस से प्रदर्शनकारियों को जंतर मंतर पर इकट्ठा होने की अनुमति देने की मांग करते हुए वाम दलों- सीपीआई(एम), सीपीआई, सीपीआई(एमएल)-लिबरेशन, रिवोल्यूशनरी सोशलिस्ट पार्टी (आरएसपी) और ऑल इंडिया फॉरवर्ड ब्लॉक (एआईएफबी) ने संयुक्त बयान जारी किया। वाम दलों के मुताबिक छात्रों को कई जगहों पर हिरासत में लिया गया है। छात्र संगठनों के कार्यालयों की भी निगरानी की जा रही है। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब कॉकरोच जनता पार्टी शनिवार को जंतर मंतर पर एक बड़े प्रदर्शन की तैयारी कर रही है। प्रदर्शन की अनुमति न मिलने, व्यापक बैरिकेडिंग, निषेधाज्ञा, 45 मेट्रो स्टेशन बंद करने और दिल्ली आने वाली ट्रेनें रद्द करने का जिक्र करते हुए सीपीआई(एम) महासचिव एम ए बेबी ने कहा, सरकार आवाजाही को नियंत्रित कर सकती है। हालांकि, वह यातायात को पूरी तरह से नहीं रोक सकती, क्योंकि छात्रों, श्रमिकों और आम नागरिकों को भी यात्रा करने की जरूरत होती है।