किसान आज फिर दिल्ली की ओर बढ़ना जारी रखेंगे। इस बीच किसानों को दिल्ली तक पहुंचने से रोकने के लिए पुलिस ने दीवारों की जो बाधाएं खड़ी की हैं उनमें कंक्रीट का मसाला भरकर उन्हे और मजबूत किया जा रहा है।
किसानों को दिल्ली की ओर बढ़ने और तितर-बितर करने के लिए दिल्ली पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागे। किसानों ने दिल्ली की ओर बढ़ते जाने का एलान किया है।
किसानों के दिल्ली कूच के मद्देनजर दिल्ली पुलिस रात को भी मुस्तैदी के साथ जांच पड़ताल में जुटी है। किसानों का कहना है कि वे दिल्ली की तरफ बढ़ते रहेंगे।
बंगलुरु पहुंचे किसान नेता राकेश टिकैत ने मंगलवार को कहा कि एमएसपी पर कानून, स्वामीनाथन समिति की रिपोर्ट को लागू करने और कर्ज माफी की मांग से सभी किसान चिंतित हैं। किसानों ने इन मुद्दों को लेकर दिल्ली कूच किया है, जिसका वो समर्थन करते हैं। साथ ही उन्होंने इस प्रदर्शन को लेकर कहा कि कई किसान संघ हैं और उनके अलग-अलग मुद्दे हैं। अगर सरकार दिल्ली की ओर मार्च कर रहे इन किसानों के लिए कोई समस्या खड़ी करती है तो वे भी इससे दूर नहीं रहेंगे। साथ ही कहा कि लागत में वृद्धि के अनुरूप उपज की कीमत नहीं बढ़ रही है और सरकार पर ऐसे कदम उठाने का आरोप लगाया जो किसानों के हित में नहीं हैं।
सिंघु बॉर्डर पर सुरक्षा को लेकर पुलिस और और सभी सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हैं। रोड को सीमेंट के ब्लॉक रखकर बंद कर दिया गया है। साथ ही दिल्ली पुलिस और सुरक्षाबलों के जवान तैनात हैं।
गाजियाबाद से दिल्ली में प्रवेश करने के लिए आनंद विहार या अप्सरा बॉर्डर की तरफ से यात्रा करें।
सिंघु बॉर्डर से प्रवेश करने वालों को नरेला-लामपुर से इंट्री कर सकते हैं।
नोएडा एक्सप्रेसवे के जरिए मालवाहक वाहनों का दिल्ली में प्रवेश मना है।
चिल्ला बॉर्डर से दिल्ली जाने के लिए सेक्टर 14ए फ्लाईओवर, राउंड अबाउट चौक, सेक्टर 15 से संदीप पेपर मिल चौक से जाएं।
डीएनडी बॉर्डर से दिल्ली जा रहे हैं: फिल्म सिटी से सेक्टर 18 होते हुए एलिवेटेड रोड का उपयोग करें।
सीमा पर पुलिस का पहरा, सड़क पर रेंग रहे वाहन
किसानों का काफिला पंजाब से दिल्ली की तरफ कूच करते ही दिल्ली पुलिस ने दिल्ली-हरियाणा के सिंघु बॉर्डर पर मंगलवार दोपहर 12 बजे वाहनों की आवाजाही बंद कर दी है। एंबुलेंस समेत आवश्यक सेवाओं से जुड़े वाहनों को ही दिल्ली में प्रवेश दिया जा रहा है। दिल्ली-गुरुग्राम और दिल्ली-फरीदाबाद बॉर्डर पर भी पुलिस ने सख्ती बढ़ा दी गई है। दिल्ली-यूपी के गाजीपुर व चिल्ली बॉर्डर पर सख्त निगरानी है।दिल्ली में प्रवेश करने वाले वाहनों की जांच की जा रही है। इसके बाद ही दिल्ली में वाहनों को प्रवेश करने दिया जा रहा है। इससे बॉर्डर इलाके में वाहनों की आवाजाही बुरी तरह प्रभावित है। इससे सीमा पर हरियाणा और उत्तर प्रदेश की तरफ वाहनों की लंबी लाइन लगी है। गुरुग्राम, फरीदाबाद, नोएडा, गाजियाबाद, बहादुरगढ़, सोनीपत व पानीपत की तरफ लोगों को जाम का सामना करना पड़ रहा है। इस सबके बीच दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने यात्रियों के लिए विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं। ट्रैफिक पुलिस का कहना है कि जरूरत के हिसाब से आगे वाहनों को दूसरे रास्तों पर डायवर्ट किया जाएगा।
अपनी मांगों को लेकर दिल्ली खोज करने वाले किसानों को रोकने के लिए दिल्ली नोएडा बॉर्डर पर पुलिस की सख्ती और बेरिकेडिंग के कारण जाम की स्थिति बनी रही। इसका असर नोएडा में व्यापक रूप से देखने को मिला। एडीसीपी मनीष मिश्रा का कहना है की पंजाब, राजस्थान, हरियाणा समेत यूपी के किसान भी काफी संख्या में दिल्ली कूच की सूचना है। एहतियात के तौर पर नोएडा और दिल्ली के बीच पुलिस सख्ती से जांच कर रही है। चिल्ला बॉर्डर, डीएनडी और कालिंदी कुंज बॉर्डर पर वाहनों के अधिक दवाब के कारण कई किलोमीटर लंबा जाम लगा हुआ है। संदिग्ध वाहनों की सख्ती से छानबीन कर दिल्ली में प्रवेश दिया जा रहा है। एक कारण दिल्ली की ओर जाने वाली ट्रैफिक काफी धीमी गति से चल रही है।
नोएडा से दिल्ली मरीज लेकर जा रहे हैं एंबुलेंस जाम में फंसी, विपरीत दिशा में एंबुलेंस लेकर दिल्ली की ओर जाता हुआ।
किसान संगठनों द्वारा बुलाए गए दिल्ली चलो मार्च के मद्देनजर दिल्ली की सीमाओं पर सुरक्षा बढ़ाई जा रही है।
शंभू बॉर्डर से किसानों को हिरासत में लिया जा रहा है।
शंभू बॉर्डर पर भीड़ को तितर बितर करने के लिए पुलिस ने ड्रोन की मदद से आंसू गैस के गोले दागे हैं।
शभू बॉर्डर पर बड़ी संख्या में तमाशबीन भी पहुंचे हैं। पुलिस के समझाने पर भी वे नहीं माने तो पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया।
शंभू बॉर्डर पर पुलिस पर पथराव करने की सूचना आ रही है। हालांकि सूत्रों के अनुसार, ये किसान नहीं हैं। किसानों की आड़ में कुछ शरारती तत्व भीड़ में घुस गए हैं और माहौल बिगाड़ रहे हैं।
किसान आंदोलन के मद्देनजर दिल्ली मेट्रो ने इन स्टेशनों को बंद कर दिया है। राजीव चौक, मंडी हाउस, केंद्रीय सचिवालय, पटेल चौक, उद्योग भवन स्टेशन बंद, जनपथ और बाराखंभा रोड मेट्रो स्टेशन को बंद कर दिया गया है। इन मेट्रो स्टेशनों के गेटों को सुरक्षा करणों के बंद किया गया है। बाकी सभी मेट्रो स्टेशन सामान्य तौर पर खुले हुए हैं।
दिल्ली पुलिस ने किसानों को रोकने के लिए लोहे के फट्टों में लोहे की कील डालकर बॉर्डर पर रखी हैं। साथ ही यूपी गेट पर पीएसी को भी तैनात किया गया है।
दिल्ली सरकार ने जहां एक तरफ बवाना स्टेडियम को जेल बनाने से मना कर दिया है तो वहीं दूसरी तरफ आम आदमी पार्टी ने एक्स पर पोस्ट साझा कर केंद्र पर निशाना साधा है। आप पार्टी ने लिखा कि आज जो कीलें और बैरिकेडिंग सड़कों पर लगी हैं। ये मोदी सरकार की देश के अन्नदाताओं से नफरत का सबसे बड़ा प्रणाम है। किसानों को रोकने के लिए रास्ते में कीलों का जाल बिछाया है।
उत्तर प्रदेश के नोएडा एडीसीपी अनिल कुमार यादव ने कहा कि ट्रैफिक प्लान पूरी तरह से तैयार है। ड्रोन की मदद से स्थिति पर पूरी नजर है। दूसरी तरफ ट्रैफिक पूरी तरह से सामान्य है।
दिल्ली ईस्टर्न रेंज के एडिशनल सीपी सागर सिंह कलसी ने मीडिया से बातचीत के दौरान कहा कि किसान आंदोलन को लेकर सख्त इंतजाम किए गए हैं। उन्होंने कहा कि हमारा मकसद है कि किसानों को शांतिपूर्ण तरीके से रोका जाए। आम लोगों को इसकी वजह से कोई असुविधा न हो। हम इस स्थिति से शांतिपूर्वक निपटने की पूरी कोशिश कर रहे हैं।
हरियाणा में झज्जर के डीएसपी शमशेर सिंह ने किसान आंदोलन को लेकर कहा कि टिकरी बॉर्डर पर पुलिस ने तैयारी कर ली है। सीसीटीवी कैमरे और माइक भी लगा दिए गए हैं। यहां पर पर्याप्त सुरक्षा है। उन्होंने साफ कहा है कि स्थिति के हिसाब से कार्रवाई की जाएगी।
किसानों के मार्च शुरू हो चुका है। अंबाला के शंभू बॉर्डर पर भारी पुलिस बल तैनात है। न्यूनतम समर्थन मूल्य की गारंटी वाले कानून की मांग को लेकर विरोध प्रदर्शन के लिए किसान दिल्ली आ रहे हैं।
किसानों के दिल्ली चलो आंदोलन के बीच गाजीपुर बॉर्डर पर भीषण जाम लग गया है। एनएच नौ और डीएमई पर बैरिगेडिंग की वजह से भीषण जाम लग गया है। किसानों की आने की संभावना के चलते लोनी नहर दिल्ली बॉर्डर पर दिल्ली पुलिस ने बैरिकेड लगाए हैं। जिसकी वजह से सड़क पर जाम की स्थिति बन गई है।
किसान आंदोलन को लेकर सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया ने बार एसोसिएशन की चिट्ठी पर टिप्पणी की है। उन्होंने कहा कि ट्रैफिक की परेशानी हो तो मुझे बताएं। सीजेआई को चिट्ठी लिख कार्रवाई की मांग की है।
दिल्ली में किसानों के मार्च के बीच दिल्ली के चिल्ला बॉर्डर पर ट्रैफिक जमा हो गया है। सड़क पर गाड़ियों की लंबी कतार देखने को मिल रही है। ट्रैफिक की रफ्तार भी थम गई है।
किसान आंदोलन के चलते केंद्रीय सचिवालय मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर-2 को शाम तक बंद कर दिया गया है। आंदोलन के आह्वान के मद्देनजर दिल्ली में कई स्थानों पर सुरक्षा तैनात की गई है। पूरी दिल्ली में धारा 144 लागू कर दी गई है।
किसानों के दिल्ली चलो मार्च को देखते हुए झड़ौदा बॉर्डर पर दिल्ली पुलिस के साथ सुरक्षा बलों के जवान भी तैनात हैं। पुलिस के जवान प्रदर्शन से पहले अपने अपने उपकरण लेते हुए दिख रहे हैं।
राजधानी दिल्ली में किसानों के मार्च को देखते हुए हरियाणा पुलिस ने अंबाला के पास शंभू बॉर्डर पर आंसू गैस के गोले छोड़ने वाले ड्रोन सिस्टम का परीक्षण किया है।
दिल्ली के टिकरी, झड़ौदा और सिंघु बॉर्डर पर किसान मार्च को देते हुए सुरक्षा व्यवस्था को बढ़ा दिया गया है। आज किसानों का अपनी मांगों को लेकर दिल्ली कूच है।
दिल्ली के टिकरी बॉर्डर पर किसाम मार्च को देखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
दिल्ली में आज किसानों घोषित मार्च के मद्देनजर सभी बॉर्डरों पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
दिल्ली पुलिस ने भी मोर्चा संभाल लिया है। राष्ट्रीय राजधानी को छावनी में बदल दिया गया है। सोमवार से 30 दिन के लिए पूरी दिल्ली में धारा 144 लगा दी गई है। कुंडली-सिंघु, टीकरी और गाजीपुर समेत सभी सीमाओं की किलेबंदी कर दी गई है।
केंद्रीय मंत्रियों के साथ किसानों की बैठक के बाद किसान मजदूर मोर्चा (केएमएम) के संयोजक सरवन सिंह पंढेर ने कहा, 'सरकार के पास कोई प्रस्ताव नहीं है, वे बस समय निकालना चाहते हैं। हम लोगों ने पूरी कोशिश की है कि हम मंत्रियों से लंबी बातचीत करें और कोई निर्णय निकले लेकिन ऐसा कुछ हुआ नहीं।'
केंद्रीय मंत्रियों और किसान नेताओं के बीच बैठक पर किसान नेता जगजीत सिंह दल्लेवाल ने कहा, 'काफी देर तक बैठक चली, हर मांग पर चर्चा हुई लेकिन ये मांगें नहीं थीं, यह अलग-अलग समय पर सरकार द्वारा की गई प्रतिबद्धताएं थीं।'
किसान संगठनों द्वारा बुलाए गए 'दिल्ली चलो' विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर गाजीपुर बॉर्डर पर बैरिकेडिंग की गई है।
किसान संगठनों द्वारा बुलाए गए 'दिल्ली चलो' विरोध मार्च के मद्देनजर सिंघू बॉर्डर पर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है।
किसानों द्वारा आज राष्ट्रीय राजधानी की ओर घोषित मार्च के मद्देनजर दिल्ली की सीमाओं पर सुरक्षा बढ़ा दी गई है।