राजद विधायक रणविजय साहू ने कहा कि प्रधानमंत्री स्वास्थ्य सुरक्षा योजना के तहत बिहार के छह अस्पतालों को चयनित किया गया था। इनमें एसकेएमसीएच, जीएमसीएच, डीएमसीएच, पीएमसीएच, आईजीआईएम और एनएमसीएच। इन अस्पतालों में क्या हाल है? वह जनता जानती है। बिना कोई पैरवी का आईजीआईएमएस में इलाज नहीं होता है। यहां आम लोगों के बेड ही नहीं है। जब तक विधायक और सांसद पैरवी नहीं करते हैं तब तक यहां पर इलाज नहीं होता है। आपने मेंदाता को जमीन दी। कहा कि 75 बेड गरीबों के लिए सुनिश्चित करवाया। आयुष्मान कार्ड की मान्यता जयप्रभा मेंदाता में नहीं है।
राजद विधायक रणविजय साहू ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग के बजट पर चर्चा करते हुए नीतीश सरकार को घेरने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि मानक कहना है कि एक हजार की आबादी पर एक डॉक्टर होनी चाहिए लेकिन आज 22 हजार की आबादी पर एक डॉक्टर है। अस्पतालो में डॉक्टर नहीं है। 11 बजे लेट नहीं और एक बजे भेंट नहीं वाली कहावत यहां पर चरिचार्थ होती है। अस्पताल में समय से डॉक्टर रहे हैं। गांव से लोग इलाज के लिए भटकते रहते हैं। पीएमसीएच में सही इलाज नहीं होता है। प्राइवेट अस्पताल में मरीजों से पैसे लूटे जाते हैं। गरीब आखिर कहां जाएं। जिनके पास डॉक्टरी की डिग्री नहीं, वह पटना के बायपास समेत कई जगह क्लिनिक चला रहे हैं। इस पर सरकार अंकुश नहीं लगा पा रही है। सरकार के पास कोई ऐसी पॉलिसी नहीं है कि स्वास्थ्य व्यवस्था को बेहतर कर सकते हैं। यह स्थिति पटना ही नहीं बिहार के हर जिले की है।
पत्रकारों के पेंशन के मुद्दे पर जन संपर्क विभाग के मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि जो पत्रकारों को पेंशन के लिए अनुमान्यता है, वह सिर्फ अपने बिहार में ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों में भी यह शर्तें लागू हैं। 20 वर्ष की सेवा तो अनिवार्य है। टीडीए और पीएफ तो बीस वर्षों की नौकरी का प्रमाण है। अगर बीस वर्ष की सेवा अवधि है तो जिस कंपनी में उन्होंने नौकरी की है, उसका प्रमाण देने में क्या दिक्कत है। यह तो अच्छी बात है। जितना पेंशन बिहार सरकार दे रही है, उतना किसी दूसरे राज्य में नहीं दिया जा रहा है। इतना ही नहीं फैमिली पेंशन की अनुमान्यता जो बिहार में है, वह किसी दूसरे राज्य में नहीं है।
आईआईपी पार्टी के प्रमुख और विधायक आईपी गुप्ता ने कहा कि मैंने बिहार में ड्राई ड्रग्स को लेकर सवाल उठाया था। इस पर संतोष प्रद जवाब नहीं मिला। राज्य में छोटे छोटे बच्चे नशे का सेवन कर रहे हैं। मेरा सवाल यह है कि क्या सरकार इस नशा से मुक्ति के लिए कोई अभियान चलाएगी? क्या सरकार इसको लेकर कोई नीति बनाएगी? इस पर उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि सूखे नशे के खिलाफ सरकार ने कार्रवाई की है। स्मैक, हिरोइन, ब्राउन शुगर, कोकीन, अफीम के खिलाफ सरकार लगातार अभियान चला रही है। हमलोगों ने इस पर लगाम लगाने के लिए एक पूरी यूनिट बना दी है। जितने की बॉर्डर इलाका है, उस पर लगातार जांच अभियान चल रहा है। सूखे नशे पर सरकार हर हाल में कार्रवाई करेगी।
सदन की कार्यवाही शुरू होते हुए लोक जनशक्ति पार्टी रामविलास के विधायक दल के नेता राजू तिवारी ने राजद से मांफी मांगने की मांग की है। उन्होंने कहा कि हमारे दल के संस्थापन राम विलास पासवान के बारे में राजद वालों ने गलत टिप्पणी की। इसलिए यह लोग माफी मांगे। इसके बाद राजद और लोजपा रामविलास के विधायक हंगामा कर रहे हैं। दोनो ओर से हंगामा हो रहा है। विधानसभा अध्यक्ष प्रेम कुमार ने दो दलों के विधायकों से शांति बनाए रखने की अपील की। राजू तिवारी हाथ में पोस्टर लेकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। विधानसभा अध्यक्ष हंगामा कर रहे विधायकों को समझा रहे हैं लेकिन वह मान नहीं रहे हैं।