शुभ है ये दिन
इस दिन हजारों लोग अयोध्या पहुंचकर पुण्य सलिला सरयू नदी में स्नान कर पुण्यार्जन करते हैं। स्नान करने के बाद लोग भगवान राम की पूजा अर्चना करते हैं। घरों और मंदिरों में रामचरित मानस का पाठ करते हैं। शास्त्रों के अनुसार, लंकापति रावण के अत्याचारों को खत्म करने के लिए भगवन विष्णु ने जन्म लिया था। आपको बता दें की श्री राम विष्णु भगवान् के सातवे अवतार हैं, जो त्रेतायुग में धर्मस्थापना के लिए धरती पर अवतरित हुए। इसी उपलक्ष में लोग श्री के जन्म की खुशियां मनाते हैं। रामनवमी के दिन ही नवरात्र का समापन होता है। इसी दिन अयोध्या में चैत्र राम मेले का भव्य आयोजन भी किया जाता है।