डिजिटल तकनीक के विकास के साथ पूरी दुनिया मुट्ठी में आ चुकी है और भारतीय युवाओं ने इस क्षेत्र में अपने दिमाग का लोहा मनवाया है। लेकिन ब्रिटेन में हुए एक सर्वे में यह बात सामने आई है कि नई डिजिटल पीढ़ी प्रकृति से दूर, घर, कार व दफ्तर से बाहर निकलना पसंद नहीं कर रही है।
इसके ठीक उलट 55 की उम्र पार के लोग आज भी मार्निंग वाक और अन्य शारीरिक परिश्रम के काम करने में रुचि ले रहे हैं। ब्रिटेन नेशनल ट्रस्ट के चेयरमेन टिम पारकर ने कहा कि हम युवा वर्चुअल उम्र में जीने लगे हैं।
ब्रिटेन में यह सर्वे उस वक्त सामने आया है जब वहां युवाओं में डायबिटीज, ब्लड प्रेशर, मोटापा और आंत व लिवर की समस्याएं बढ़ी हैं।
यह सर्वे ब्रिटेन के आऊटडोर कपड़े बनाने वाली सबसे बड़ी कंपनी के कराया जो बताता है कि 55 से अधिक उम्र के लोग महीने में कम से कम नौ बार घूमने के लिए घर से बाहर निकलते हैं, जबकि डिजिटल पीढ़ी का युवा घूमने के नाम पर बाहर तो जाता है लेकिन अपनी कार से उतरकर 500 गज भी पैदल चलना पसंद नहीं करता है।