हनुमान जी को भोग अर्पित करते समय उन्हें लाल फूल, सिंदूर, चमेली का तेल और श्रीराम नाम का स्मरण करना चाहिए। साथ ही भोग में लहसुन, प्याज, और तामसिक वस्तुएं नहीं होनी चाहिए। उन्हें भोग में मीठा अर्पित करें, जिसमें बेसन का लड्डू हनुमान जी का अति प्रिय माना जाता है। इसके अलावा भी
कई पकवान हैं जो बजरंगबली को भोग के रूप में अर्पित कर सकते हैं। आइए जानते हैं हनुमान जी को किन पकवानों का भोग लगाया जा सकता है।
भगवान हनुमान जी के प्रिय भोग एवं उनका महत्व
1. चूरमा या इसका लड्डू
यह गेहूं के आटे, घी और गुड़ व शक्कर से बनाया जाता है। इसे हनुमान जी का अत्यंत प्रिय भोग माना जाता है। मंगलवार और शनिवार को विशेष रूप से यह भोग अर्पित किया जाता है, जिससे बजरंगबली प्रसन्न होकर अपने भक्तों की हर बाधा दूर करते हैं।
2. बूंदी के लड्डू
मंदिरों में प्रसाद के रूप में अक्सर बूंदी का लड्डू हनुमान जी को अर्पित किया जाता है। इसे शक्ति, समर्पण और सुख-समृद्धि का प्रतीक माना जाता है।
3. सिंघाड़े या बेसन का हलवा
यह बल और ऊर्जा से भरपूर होता है, जो हनुमान जी की शक्ति का प्रतीक है। उपवास के दौरान सिंघाड़े के हलवे को भोग के रूप में अर्पित करके प्रसाद स्वरूप ग्रहण किया जा सकता है।
4. केसर मिश्रित तुलसी दल
भगवान विष्णु के अवतार प्रभु श्रीराम को तुलसी दल जरूर अर्पित किया जाता है। यह राम जी का प्रिय है और जो राम जी को प्रिय है, वह हनुमान के लिए वंदनीय है। हनुमान जी को भी तुलसी के पत्ते अर्पित किए जाते हैं।
5. गुड़ और चना
गुड़ और भुने चने को हनुमान जी का सबसे सरल और प्रिय भोग माना जाता है। यह भोग विशेषकर मंगलवार को चढ़ाया जाता है, जिससे शनि दोष और ग्रह बाधाएं दूर होती हैं।
6. नारियल और गुड़ से बने पुए
ग्रामीण इलाकों में यह पारंपरिक भोग माना जाता है और रामभक्त हनुमान का प्रिय माना जाता है।
7. केला और आम
ये दोनों फल हनुमान जी को बहुत प्रिय हैं, क्योंकि वे वनवासी जीवन से जुड़े हैं। फलाहार रूप में यह प्रसाद ग्रहण करने पर हनुमान जी विशेष कृपा करते हैं।
8. घी और शहद मिश्रित पंचामृत
हनुमान जी की विशेष पूजा के दौरान इसे भोग स्वरूप अर्पित करना चाहिए। यह शरीर और आत्मा की शुद्धि का प्रतीक है।