हर दूसरा व्यक्ति माइग्रेन की समस्या से जूझ रहा है। माइग्रेन की वजह से हमेशा ही सिर में तेज दर्द होता है, जिससे दिमाग पर भी असर पड़ता है और इससे बचने के लिए तमाम तरह की दवाईयां भी लेता है। अगर आप भी माइग्रेन से परेशान है तो दवाईयों पर नहीं, बल्कि अपने खाने पर ध्यान दें, क्योंकि कुछ ऐसे फूड हैं, जिनको आप रोज अपने डाइट में शामिल तो करते है, लेकिन वह माइग्रेन का कारण बन जाता है। इसीलिए जितना जल्दी हो, आपको इनसे दूरी बना लेना चाहिए।
ये फूड बनते है माइग्रेन का कारण
माइग्रेन
कॉफी, चाय , कोला
अगर आप माइग्रेन से बचना चाहते हैं तो कॉफी, चाय और कोला का सेवन कम से कम कर दें, क्योंकि यह आपके तेज सिरदर्द का बहुत आम कारण हो सकता है। एक रिपोर्ट के अनुसार कैफीन दिमाग में माइग्रेन के रिसेप्टरों से मिलता है और यह माइग्रेन का कारण भी बन सकती है। इसके लिए एक सीमा में कॉफी का सेवन करें।
चॉकलेट और रेड वाइन
वैसे तो एल्कोहोल शरीर को नुकसान ही करता है, लेकिन रेड वाइन माइग्रेन के लिए ट्रिगर का काम करती है। चॉकलेट व रेड वाइन में अधिक म़़ात्रा में एमिनो एसिड होता है। ब्राजील में की गई रिसर्च के मुताबिक एल्कोहल माइग्रेन होने के खतरे को 30 फीसदी तक बढ़ा सकती है। विशेषज्ञ बताते हैं कि ऐसा उसमें पाए जाने वाले टैनिन और फ्लेविनॉयड्स के कारण होता है। इससे डिहाईड्रेशन और सिरदर्द भी हो सकता है।
टेक अवे फूड
इन फूड में फ्लेवर को बढाने के लिए एमसजी बहुत अधिक होता हैं। जो लोगों में माइग्रेन के लिए ट्रिगर का काम करती है।
केले और अन्य फल
ये सुनकर आपको थोड़ा अजीब लगे, लेकिन यह बात सच है कि केले में मौजूद टायरामाइन और हिस्टामाइन माइग्रेन को बढ़ावा देते हैं। केले ही नहीं कई और फल भी हैं जिनकी वजह से माइग्रेन हो सकता है।
प्रोसेस्ड मीट
बर्गर, हॉट डॉग या सॉसेज भले ही आपको स्वादिष्ट लगते हों, ऐसी सभी चीजें जिनमें प्रोसेस्ड मीट हो वो आपको माइग्रेन दे सकती हैं। इस मीट में सोडियम नाइट्रेट जैसे प्रिजर्वेटिव्स होते हैं, जो इसका कारण होते हैं।
लो कैलोरी फूड
लो कैलोरी फूड भी माइग्रेन को ट्रिगर करने का काम करती है।