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कोरोना मरीजों पर हुआ शोध, 96 फीसदी संक्रमितों में दिखे तीन तरह के लक्षण

Mon, 20 Jul 2020 05:56 AM IST
संजीव कुमार झा लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
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कोरोना वायरस (प्रतीकात्मक तस्वीर) - फोटो : PTI
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कोरोना संक्रमित 96 फीसदी मरीजों में प्रमुख रूप से तीन तरह के लक्षण देखने को मिले हैं। अमेरिकी संस्था सेंटर फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (सीडीसी) ने 164 मरीजों पर अध्ययन किया जिनमें 14 जनवरी से चार अप्रैल के बीच वायरस की पुष्टि हुई थी। शोध में पता चला कि 96 फीसदी मरीजों को बुखार, खांसी या सांस संबंधी तकलीफ में से किसी एक से शुरुआत हुई। इसमें से 45 फीसदी मरीजों ने कहा कि उन्हें ये सभी लक्षण एक साथ आए थे। 

तीन लक्षणों को न करें नजरअंदाज

  • खांसी : कोरोना की चपेट में आने के बाद सूखी खांसी संक्रमण का गंभीर लक्षण है। शोध में शामिल 80 फीसदी मरीजों में ये लक्षण संक्रमण के बाद सबसे अधिक समय तक शुरुआती लक्षण के रूप में था।

  • बुखार : ये दूसरा लक्षण है जो संक्रमण के दो से 14 दिन बाद तक दिख सकता है। लगातार तीन दिन बुखार 100 डिग्री से अधिक है तो सतर्क होने की जरूरत हैं। संभव है कि आप वायरस की चपेट में आ गए हों।

  • सांस : कोरोना का तीसरा लक्षण सांस संबंधी तकलीफ है। अस्पताल में भर्ती अधिकतर मरीजों को ये तकलीफ रही है। ऑक्सीजन लेवल का स्तर गिरने से भी स्थिति बिगड़ सकती है इसे नजरअंदाज न करें।

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स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने 11 लक्षणों को आधिकारिक तौर पर शामिल किया

जैसे-जैसे कोरोना संक्रमण बढ़ता जा रहा है, इसके लक्षणों की संख्या भी बढ़ती जा रही है। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय ने कोरोना के 11 लक्षणों को आधिकारिक तौर पर शामिल किया है। 
  • तेज बुखार 

  • सूखी खांसी, 

  • गले में खराश होना 

  • सांस लेने में तकलीफ होना

  • बदन दर्द,

  • सिर दर्द,

  • थकान, 

  • ठंड लगना या ठिठुरना,

  • उल्टी आना 

  • दस्त

  • बलगम में खून आना

इससे पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने गंध या स्वाद महसूस न होने को भी कोरोना के प्रमुख लक्षणों में शामिल किया है। डब्ल्यूएचओ समेत दुनियाभर के वैज्ञानिक, शोधकर्ता और चिकित्सक कोरोना वायरस के अन्य लक्षणों की पहचान और अध्ययन करने में जुटे हुए हैं। कोरोना वायरस का म्यूटेशन यानी रूप बदलना भी वैज्ञानिकों और चिकित्सकों के लिए चुनौती बना हुआ है।
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