सोमवार की सुबह इस घटना का पता तब चला जब दीपक झा की बेटी को स्कूल ले जाने के लिए गाड़ी आई। इस दौरान ड्राइवर ने काफी हॉर्न बजाया, लेकिन घर से कोई भी बाहर नहीं निकला। इसके बाद मकान मालिक के ही घर में रह रहा एक बच्चा उसे बुलाने के लिए चला गया। लेकिन वहां का नजारा देख वो घबराकर वहां से भाग आया और अपने परिवार को इसकी सूचना दी। लोगों ने खिड़की से झांककर देखा तो सभी के होश उड़ गए। लोगों ने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद घटनास्थल पर पहुंची पुलिस ने सभी शवों को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी।
गोदरेज कंपनी में सेल्समैन का काम करते थे दीपक
बताया जा रहा है कि मृतक दीपक झा गोदरेज कंपनी में सेल्समैन का काम करते थे। वो अपने माता-पिता, पत्नी, दो बच्चे और छोटे भाई के साथ रहते थे। छोटा भाई भी किसी कंपनी में ही प्राइवेट नौकरी करता था। अभी उसकी शादी नहीं हुई थी।
बता दें कि इससे पहले झारखंड के ही हजारीबाग में भी ऐसी ही घटना सामने आई थी, जिसमें कर्ज से परेशान होकर एक ही परिवार के 6 सदस्यों ने आत्महत्या कर ली थी। इसके अलावा, दिल्ली के बुराड़ी में भी पिछले दिनों एक ही परिवार के 11 लोगों ने आत्महत्या कर ली थी। फिलहाल मामले की जांच चल रही है।