फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ranchi News: बजट सत्र के चौथे दिन राकेश महतो हत्याकांड पर गूंजा सदन, विधायकों की कम उपस्थिति पर उठे सवाल

Sat, 21 Feb 2026 01:27 PM IST
राँची ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

बजट सत्र के चौथे दिन गिरिडीह हत्याकांड पर विधानसभा में तीखी चर्चा हुई। सत्ता और विपक्ष ने घटना की निंदा की, जबकि सदन में कम उपस्थिति भी बहस का मुद्दा बनी।
विज्ञापन
झारखंड विधानसभा - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के चौथे दिन शनिवार को गिरिडीह के पूर्व जिला परिषद अध्यक्ष राकेश महतो की हत्या का मामला सदन में जोरदार तरीके से उठा। इस जघन्य घटना को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने चिंता जताई। वहीं सदन में विधायकों की अपेक्षाकृत कम उपस्थिति भी चर्चा का विषय बनी रही।

विज्ञापन


सत्ता पक्ष के नेताओं ने कहा कि नगर निकाय चुनाव के मद्देनजर पार्टी नेतृत्व ने विधायकों को अपने-अपने क्षेत्रों में सक्रिय रहने की जिम्मेदारी दी है, जिससे उपस्थिति प्रभावित हुई है। विपक्षी सदस्यों ने इसे गंभीर विषय बताते हुए कहा कि बजट सत्र जैसे महत्वपूर्ण समय में अनुपस्थिति चिंता का विषय है।

नगर विकास मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने हत्या को जघन्य अपराध बताते हुए कहा कि बीती रात करीब 12 बजे तक राकेश महतो का मोबाइल सक्रिय था, जिससे आशंका है कि उसके बाद वारदात को अंजाम दिया गया। उन्होंने बताया कि हत्या के बाद शव को जलाने का भी प्रयास किया गया। पुलिस कॉल डिटेल्स सहित विभिन्न पहलुओं पर जांच कर रही है और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: Jharkhand: 24 फरवरी को बजट पेश करेगी हेमंत सरकार, राज्यपाल ने झारखंड विधानसभा में गिनाईं उपलब्धियां

ग्रामीण विकास मंत्री दीपिका पांडेय सिंह ने कहा कि हाल ही में पारित अनुपूरक बजट उनके विभाग के लिए महत्वपूर्ण है। पंचायती राज व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए राज्य को पहली बार राज्य वित्त आयोग की अनुशंसा पर 605 करोड़ रुपये की राशि मिली है। आगामी बजट में महिलाओं और ग्रामीण विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है।
विज्ञापन


कांग्रेस विधायक राजेश कच्छप ने हत्या की निंदा करते हुए कहा कि कानून अपना काम करेगा और दोषियों को सजा मिलेगी। डुमरी विधायक जयराम महतो और जेडीयू विधायक सरयू राय ने भी सदन में कम उपस्थिति पर चिंता जताते हुए जनहित के मुद्दों पर गंभीरता बरतने की जरूरत बताई।

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें