चुटिया थाना क्षेत्र स्थित क्लब रोड, सिरमटोली के होमराह टावर में संचालित बीबा फैशन लिमिटेड के शोरूम में 31,20,635 रुपये के कपड़े और नकदी गबन करने का मामला सामने आया है। इस संबंध में कंपनी के लीड सेल्स एचआर संजीव रंजन ने चुटिया थाने में प्राथमिकी दर्ज कराई है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामले की छानबीन आरंभ कर दी है।
चार कर्मचारियों पर नामजद प्राथमिकी
कंपनी की ओर से दर्ज कराई गई प्राथमिकी में शोरूम के क्लस्टर मैनेजर विकास कुमार झा, स्टोर मैनेजर पीयूष, सेल्स स्टाफ प्रीतम कुमार और सेल्स स्टाफ रूपाली समद को नामजद आरोपी बनाया गया है। आरोपी क्लस्टर मैनेजर विकास कुमार झा करम चौक स्थित विद्यानगर के निवासी हैं। आरोपी स्टोर मैनेजर पीयूष लोहरदगा जिले के कुडू थाना क्षेत्र स्थित सुकुरहुटू के रहने वाले हैं। वहीं सेल्स स्टाफ प्रीतम कुमार डोरंडा के भवानीपुर और सेल्स स्टाफ रूपाली समद हटिया स्थित हरिजन बस्ती की रहने वाली हैं।
ऑडिट टालकर करते रहे हेराफेरी
प्राथमिकी के विवरण के अनुसार शोरूम के कपड़े, स्टॉक और नकदी पूरी तरह से इन चारों कर्मचारियों के नियंत्रण तथा प्रभार में थे। आरोपी क्लस्टर मैनेजर और स्टोर मैनेजर ग्राहकों से बिक्री की राशि शोरूम के खाते में जमा कराने के बजाय अपने व्यक्तिगत मोबाइल फोन पर लेते थे। कंपनी प्रबंधन ने अप्रैल से सितंबर के बीच कई बार स्टोर का ऑडिट कराने का प्रयास किया, लेकिन आरोपी कर्मचारी हर बार कोई न कोई बहाना बनाकर ऑडिट टालते रहे।
लाखों के कपड़े और नकदी गायब
लगातार टालमटोल के बाद 5 अक्तूबर को जब कंपनी की विशेष टीम ने स्टोर का विस्तृत ऑडिट किया, तो बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता और स्टॉक में भारी कमी पाई गई। जांच में पाया गया कि शोरूम से 29,58,300 रुपये मूल्य के कपड़े गायब हैं। इसके अलावा 46,469 रुपये की नकद बिक्री राशि और 1,15,866 रुपये की कार्ड बिक्री राशि भी गायब पाई गई। इस तरह शोरूम से कुल 31,20,635 रुपये का गबन किया गया।
फोन बंद कर आरोपी फरार
ऑडिट में गड़बड़ी पकड़े जाने के बाद जब कंपनी प्रबंधन ने आरोपी कर्मचारियों से पूछताछ शुरू की, तो सभी आरोपी अपनी ड्यूटी छोड़कर मौके से फरार हो गए। फरार होने के बाद आरोपियों ने अपने-अपने मोबाइल फोन भी बंद कर लिए। इसके बाद कंपनी की ओर से भेजे गए कारण बताओ नोटिस का भी आरोपियों ने कोई जवाब नहीं दिया।
ठिकानों पर पुलिस की छापेमारी
चुटिया थाना पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज करने के बाद मामले की छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस की टीम फरार आरोपियों की तलाश और गबन की गई संपत्ति की बरामदगी के लिए उनके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी कर रही है।