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Nishikant Dubey: सुप्रीम कोर्ट पर दिए गए बयान पर झारखंड में सियासत, अब सोरेन के मंत्री ने क्या कह दिया; जानें

Sun, 20 Apr 2025 08:07 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रांची

सार

Jharkhand: मंत्री अंसारी ने आरोप लगाया कि भाजपा अब न्यायपालिका को भी अपनी कठपुतली बनाना चाहती है, जो देश के लिए बेहद खतरनाक संकेत है। मंत्री अंसारी ने कहा, अगर आज देश नहीं जागा, तो भाजपा संविधान और कानून व्यवस्था तक को खरीद लेगी।
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निशिकांत दुबे और मंत्री अंसारी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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केंद्र सरकार द्वारा वक्फ बोर्ड को लेकर लाए गए नए कानून पर जहां देशभर में मुस्लिम संगठनों और विपक्षी दलों का विरोध जारी है, वहीं सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान भी अदालत ने कानून के कुछ प्रावधानों पर नाराजगी जाहिर की है। इसी बीच, गोड्डा से भाजपा सांसद निशिकांत दुबे के एक बयान ने नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है। झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी ने इस बयान को लेकर तीखी प्रतिक्रिया दी है।

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उन्होंने कहा कि निशिकांत दुबे का बयान न सिर्फ सुप्रीम कोर्ट की गरिमा को ठेस पहुंचाता है, बल्कि यह लोकतंत्र की बुनियाद को भी कमजोर करता है। अंसारी ने आरोप लगाया कि भाजपा अब न्यायपालिका को भी अपनी कठपुतली बनाना चाहती है, जो देश के लिए बेहद खतरनाक संकेत है। मंत्री अंसारी ने कहा, अगर आज देश नहीं जागा, तो भाजपा संविधान और कानून व्यवस्था तक को खरीद लेगी। ये लोग समाज में जातिगत जहर घोलकर न्यायपालिका को भी बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं।उन्होंने राष्ट्रपति और लोकसभा अध्यक्ष से मांग की कि निशिकांत दुबे को संसद से तत्काल बर्खास्त किया जाए और उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।

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क्या था निशिकांत दुबे ने

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दरअसल, सांसद निशिकांत दुबे ने सुप्रीम कोर्ट पर टिप्पणी करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट अपनी सीमाओं से आगे जा रहा है, उन्होंने कहा कि अदालत संसद द्वारा पारित कानूनों को रद्द कर रही है और यहां तक कि राष्ट्रपति को निर्देश दे रही है, जो सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीशों की नियुक्ति करते हैं। उन्होंने कहा कि संविधान के अनुच्छेद 368 के तहत कानून बनाना संसद का काम है और अदालत की भूमिका कानून की व्याख्या करना है। उन्होंने कहा कि अगर हर काम के लिए सुप्रीम कोर्ट ही जाना है, तो क्या संसद को बंद कर देना चाहिए।

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