राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने रेलवे और झारखंड के पुलिस प्रमुख को नोटिस भेजा है। नोटिस धनबाद रेल मंडल में रेलवे की ‘ओवरहेड बिजली’ लाइन के लिए खंभे लगाने के दौरान ठेके पर रखे गए छह मजदूरों की करंट लगने से मौत के मामले में भेजा गया। रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष और झारखंड के पुलिस महानिदेशक से चार सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है।
एनएचआरसी ने एक बयान में कहा कि 29 मई को हुई घटना लोक सेवक की लापरवाही के समान है, जो ठेकेदार के काम की प्रभावी ढंग से निगरानी करने में विफल रहे हैं। यह आयोग के लिए चिंता का मामला है। आयोग ने कहा कि उसने मीडिया में आई खबर का स्वत: संज्ञान लिया है।
खबरों में बताया गया है कि धनबाद रेल मंडल के धनबाद-गया खंड पर निचितपुर रेलवे क्रॉसिंग के पास ओवरहेड बिजली लाइन के लिए खंभे लगाने के दौरान ठेके पर रखे गए छह मजदूरों की करंट लगने से मौत हो गई। आयोग के मुताबिक, मीडिया रिपोर्ट अगर सच है, तो यह मजदूरों के मानवाधिकारों के उल्लंघन के समान है।
इससे पहले 29 मई को ईस्टर्न सेंट्रल रेलवे डिविजन में ओवरहेड इलेक्ट्रिक खंभे लगाने के दौरान लगे बिजली के झटके से छह लोगों की मौत हो गई थी। घटना ईस्टर्न सेंट्रल रेलवे के धनबाद डिविजन के निचितपुर रेलवे क्रॉसिंग की थी। कुछ कर्मचारी रेलवे के ओवरहेड इलेक्ट्रिक खंभे लगा रहे थे। इसी दौरान हाइटेंशन लाइन की चपेट में आ गए। हादसे में कुछ लोग घायल भी हुए थे। पीएम ने घटना पर दुख जताते हुए घायलों और मृतकों के लिए मुआवजे का एलान किया था।