झारखंड के साहिबगंज जिले में लंबे समय से बंद पड़ी बोट एंबुलेंस सेवा को आखिरकार फिर से चालू कर दिया गया है। शुक्रवार को सदर प्रखंड अंतर्गत गंगा दियारा क्षेत्र में सिविल सर्जन डॉ. रामदेव पासवान ने निरीक्षण कर सेवा की औपचारिक शुरुआत की। इस पहल का श्रेय जिला उपायुक्त हेमंत सती को दिया जा रहा है, जिन्होंने इसके संचालन के लिए विशेष प्रयास किए।
निरीक्षण और दिशा-निर्देश
डॉ. पासवान ने बताया कि वर्षों से खराब और निष्क्रिय पड़ी बोट एंबुलेंस को पूरी तरह दुरुस्त कर अब मरीजों की सेवा के लिए उपलब्ध कराया गया है। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मेंटेनेंस, लोग बुक, कॉलर आईडी सहित तकनीकी और प्रशासनिक पहलुओं की समीक्षा की। साथ ही, ड्राइवर और मेडिकल टीम को निर्देश दिया कि यह सेवा 24 घंटे उपलब्ध रहनी चाहिए।
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मरीजों के लिए जीवनदायिनी सुविधा
बोट एंबुलेंस शुरू हो जाने से गंगा दियारा क्षेत्र के लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। राजमहल, तालझारी और दियारा जैसे दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले मरीज, गर्भवती महिलाएं और गंभीर बीमार बच्चों को अब इलाज के लिए सदर अस्पताल तक पहुंचना आसान हो जाएगा। आपात स्थिति में यह एंबुलेंस जीवनरक्षक साबित होगी और स्वास्थ्य सुविधाओं की उपलब्धता में क्रांतिकारी बदलाव लाएगी।
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निरंतर मॉनिटरिंग पर जोर
सिविल सर्जन ने बताया कि उपायुक्त हेमंत सती ने बोट एंबुलेंस की निरंतर मॉनिटरिंग और संचालन सुनिश्चित करने के लिए विशेष दिशा-निर्देश दिए हैं, ताकि सेवा बाधित न हो। बोट एंबुलेंस की शुरुआत के मौके पर डॉ. रामदेव पासवान के साथ डॉ. मुकेश कुमार, बीटीटी मुनिजी पांडे और अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे। स्थानीय लोगों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि यह कदम साहिबगंज जिले के स्वास्थ्य तंत्र को मजबूत बनाने में ऐतिहासिक साबित होगा।