फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Jharkhand: बेखौफ अपराधियों ने स्वर्ण व्यवसायी की दुकान पर की फायरिंग, सीसीटीवी में कैद हुई वारदात

Sun, 22 Jun 2025 07:56 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, हजारीबाग

सार

Jharkhand: सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि यह वारदात उस स्थान से महज 100 मीटर की दूरी पर हुई है जहां हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल का आवास स्थित है। इतना ही नहीं, घटना स्थल से मात्र 500 से 700 मीटर की दूरी पर सदर थाना भी स्थित है।
विज्ञापन
सीसीटीवी फुटेज - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

झारखंड में अपराधियों के हौसले इस कदर बुलंद हैं कि अब वे दिनदहाड़े शहर के बीचों-बीच वारदातों को अंजाम देने से भी नहीं हिचक रहे। रविवार को हजारीबाग में बाइक सवार नकाबपोश बदमाशों ने एक स्वर्ण व्यवसायी की दुकान पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दहशत का माहौल पैदा कर दिया। घटना में करीब सात राउंड गोलियां चलाई गईं। हालांकि, इस फायरिंग में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है, लेकिन गोलीबारी से दुकान के शीशे चकनाचूर हो गए, जिससे हजारों रुपये के नुकसान का अंदेशा है।

घटना की पूरी तस्वीर वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई है। वीडियो फुटेज में दो अपराधी पल्सर बाइक से आते हुए दिखाई दे रहे हैं। घटना की सूचना मिलते ही सदर थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर अपराधियों की पहचान करने में जुट गई है।

सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि यह वारदात उस स्थान से महज 100 मीटर की दूरी पर हुई है जहां हजारीबाग के सांसद मनीष जायसवाल का आवास स्थित है। इतना ही नहीं, घटना स्थल से मात्र 500 से 700 मीटर की दूरी पर सदर थाना भी स्थित है। इसके बावजूद अपराधियों का इस तरह निडर होकर गोली चलाना न केवल सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि अपराधियों के हौसले कितने बुलंद हैं। गौरतलब है कि हाल ही में अंजनी अंजन ने हजारीबाग के नए पुलिस अधीक्षक (एसपी) के रूप में पदभार संभाला है। ऐसे में यह घटना उनके लिए एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आई है।

विज्ञापन


पढ़ें: रिम्स पार्ट-2 की बात करने वाली सरकार गरीबों को एम्बुलेंस तक नहीं दे पा रही: भाजपा

स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर भारी रोष है। लोगों का कहना है कि जब तक शहर में नियमित पुलिस चेकिंग और रात्रिकालीन गश्ती नहीं होगी, तब तक अपराधियों के मनोबल में कमी नहीं आएगी। आमजन की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस प्रशासन को सख्त कदम उठाने की आवश्यकता है। अब देखने वाली बात यह होगी कि पुलिस अपराधियों तक कब तक पहुंच पाती है और इस वारदात की गुत्थी को कितनी जल्दी सुलझा पाती है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें