केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के महानिदेशक (डीजी), सुजॉय लाल थाउसेन ने केंद्रीय प्रशिक्षण कॉलेज (दूरसंचार और सूचना प्रौद्योगिकी) का निरीक्षण करने रांची पहुंचे। इस दौरान उन्होंने राज्य में नक्सल विरोधी अभियानों की समीक्षा की।
इस मौके पर डीजी ने सीटीसी और आईटी परिसर धुर्वा, रांची का निरीक्षण किया। जिसके बाद पश्चिमी सिंहभूम जिले के कोल्हान जंगल में अंजेदबेरा एफओबी का दौरा किया। महानिदेशक ने सीआरपीएफ, झारखंड पुलिस, झारखंड जगुआर के अधिकारियों के साथ बैठक की। उन्होंने मुख्य क्षेत्रों में नए एफओबी स्थापित करने के प्रयासों की सराहना की।
नक्सल विरोधी अभियान के दौरान सर्तकता बरतने के दिए निर्देश
उन्होंने अधिकारियों को नक्सल विरोधी अभियानों के प्रति अपनी प्रतिबद्धताओं को जारी रखने और अभियानों के दौरान अतिरिक्त सतर्क और सावधान रहने का आग्रह किया। डीजी ने अंजेदबेरा गांव में एक नागरिक कार्रवाई कार्यक्रम में बच्चों और ग्रामीणों को मिठाई और अन्य आवश्यक वस्तुएं भी वितरित कीं। साथ ही नक्सल विरोधी अभियान को तेज करने के निर्देश दिए।
चाईबासा में उन्होंने सीआरपीएफ और पुलिस अधिकारियों के साथ नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए डीआईजी (ऑपरेशन) कार्यालय में आईईडी के खतरे के खिलाफ उठाए गए कदमों की समीक्षा की। उन्होंने कोल्हान के जंगल में मौजूदा सुरक्षा स्थिति और आगे की रणनीति पर चर्चा की। वितुल कुमार, एडीजी मध्य क्षेत्र, राजीव सिंह, आईजी (ऑपरेशंस) सीआरपीएफ, अमित कुमार, आईजी, झारखंड सेक्टर, सीआरपीएफ, एवी होमकर, आईजी (ऑपरेशंस) झारखंड पुलिस, मोहम्मद हसनैन, आईजी (कॉमन) सीआरपीएफ के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ दौरे के दौरान सीआरपीएफ और राज्य पुलिस भी मौजूद रही।