सीएनटी-एसपीटी एक्ट में संशोधन के खिलाफ शुक्रवार को झारखंड बंद रहा। तमाम विपक्षी पार्टियां बंद के आह्वान पर शामिल हुए। रांची पुलिस मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, लगभग 5300 बंद समर्थकों को पूरे राज्य से हिरासत में लिया गया है।
बंद के दौरान विपक्षी दलों के कई नेता सड़क पर उतरकर रघुवर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। राजधानी रांची में कांग्रेस के सुबोधकांत सहाय, सीपीआई के भुवनेश्वर मेहता, आदिवासी नेता प्रेमशाही मुंडा समेत कई समर्थक सड़क पर उतरे और सीएनटी संशोधन विधेयक को वापस करने की मांग की। बंद समर्थक उस समय उग्र हो गये जब उन्हें रोकने की कोशिश की गयी। भीड़ अल्बर्ट एक्का चौक से उत्पात मचाती हुई मेन रोड की ओर भागी और रास्ते में जो कुछ भी आया उसे तोड़ते हुए चली गयी। इसके बाद पुलिस ने आंसू गैस के गोले छोड़े और लाठीचार्ज भी किया।
वहीं एसपी कॉलेज के समीप बंद समर्थकों ने दो हाईवा में आग लगा दी। वहीं, शाम को 6 वाहनों को आग के हवाले कर दिया। इसमें दो ट्रक, दो हाईवा, एक बस और एक मारुति कार है। राज्य के ज्यादातर हिस्सों में स्कूल, कॉलेज और दुकानें बंद रहीं। रांची में बंद का सबसे ज्यादा असर दिखाई दिया। यहां स्कूल और दुकानें बंद रहीं।