डोरंडा मनीटोला स्थित मां मनोकामना काली मंदिर में जय मां काली जगदंबा ट्रस्ट द्वारा आयोजित तीन दिवसीय बड़ा पूजा का शुभारंभ रविवार को भव्य शोभायात्रा के साथ हुआ। इस दौरान पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। इस विशाल शोभायात्रा में पद्मश्री मुकुंद नायक की सांस्कृतिक टीम, बंगाल से मंगाई गई ढाक और छत्तीसगढ़ की सिंधी बाजा ने विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। युवा, महिलाएं, बुजुर्ग सभी उत्साहपूर्वक मां काली के जयघोष के साथ शामिल हुए। सचिव पवन पासवान ने जानकारी दी कि 26 मई को प्रातः 3 बजे से रात्रि 10 बजे तक मुख्य पूजन का आयोजन होगा। उन्होंने बताया कि बड़ा पूजा आपसी सहभागिता और सामाजिक एकजुटता का प्रतीक बन चुका है।
वर्ष 1978 से चली आ रही परंपरा
मुख्य पुजारी रामेश्वर पासवान ने बताया कि बड़ा पूजा की परंपरा वर्ष 1978 में शुरू हुई थी, जो अब एक भव्य वार्षिक आयोजन का रूप ले चुकी है। हर वर्ष की तरह इस बार भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु अपनी स्वेच्छा से पूजा-अर्चना में भाग ले रहे हैं। बड़ा पूजा एक आस्था का केंद्र है झारखंड के साथ साथ छत्तीसगढ़, पश्चिम बंगाल , बिहार जैसे अन्य राज्यों से भी बड़ी संख्या में श्रृद्धालु मां काली के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। कल यानी कि 26 मई को एक लाख भक्तों की आने की संभावना है बता दे विशेष भोग प्रसाद का भी आयोजन किया गया है।
पश्चिम बंगाल के चंदननगर से आकर्षक लाइटें मंगाई गईं हैं
बड़ा पूजा के दौरान पश्चिम बंगाल के चंदननगर से बेहद ही आकर्षक लाइटें मंगाई गई जो मन मोह ले रही हैं। श्री कृष्ण लीला को प्रस्तुत करते हुए तोरण द्वार लगाई गई है। बड़ा पूजा में वर्षों से भाग लेने वाली हटिया निवासी रानी जायसवाल बताती है कि मां मनोकामना काली मंदिर में आयोजित होने वाली बड़ा पूजा बेहद खास है इस दिन मां के अलौकिक रूप का दृश्य हमें देखने को मिलता है। लंबी कतार में खड़े होने के बावजूद भी मां के दर्शन में कोई कमी नहीं रहती यहां पूजन कर मन को शांति मिलती है। उनका कहना है जो भी परेशानी होती है उसका निराकरण मां की दर्शन कर हो जाती है। जब से मंदिर की स्थापना हुई है तब से लेकर आज तक लगातार बड़ा पूजा में सहपरिवार शामिल हो रहे हैं।
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वहीं बड़ा पूजा के दौरान कई इलाकों से लोग दर्शन के लिए पहुंचते हैं। ऐसी ही एक भक्त है मोराबादी निवासी अदिति राय जो बड़ा पूजा को लेकर अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि पिछले 28 साल से मां मनोकामना काली मंदिर में जा रहे हैं खास कर बड़ा पूजा के दिन जाना यहां सौभाग्य की बात होती है मैं हर वर्ष बड़ा पूजा के दिन मां काली के दर्शन के लिए पहुंचती हूं। उनका कहना है यहां जो भी मनोकामना की जाती है वोह पूर्ण होती है।
विशिष्ट उपस्थिति
कार्यक्रम में पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय, बीरेंद्र प्रधान, अशोक राय, सुबोध सिंह गुड्डू, दीपू सिन्हा, शंभु गुप्ता, आलोक दुबे, मेहुल दुबे,सत्यनारायण अग्रवाल, राजा पासवान, प्रमोद पासवान, चंद्र भूषण सिन्हा, जयंत राय, सौरभ राय, सुनीता मिंज, उर्मिला उरांव, रानी जायसवाल समेत अनेक सामाजिक कार्यकर्ता व श्रद्धालु उपस्थित रहे।